{"_id":"56e311324f1c1b941f8b4578","slug":"sparrow-is-part-of-our-lives","type":"story","status":"publish","title_hn":"हमारे जीवन का हिस्सा है गौरैया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हमारे जीवन का हिस्सा है गौरैया
amar ujala
Updated Sat, 12 Mar 2016 12:28 AM IST
विज्ञापन
गौरैया का घोंसला
- फोटो : Barabanki
गौरैया पर्यावरण की रक्षा करती है। यह कीटनाशी होने के कारण फसलों की सुरक्षा के लिए भी लाभकारी है। गौरैया संरक्षण पर आयोजित गोष्ठी में क्षेत्रीय वन अधिकारी आरके मिश्र ने यह बात कही है। शुक्रवार को कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय में गौरैया संरक्षण विषय पर गोष्ठी का आयोजन किया गया था।
विज्ञापन
क्षेत्रीय वन संरक्षण अधिकारी आरके मिश्र ने कहा शहरीकरण व बढ़ते पक्के मकानों के चलते गौरैया के आवास समाप्त हो रहे हैं, जिससे उनकी संख्या में लगातार कमी आ रही है। मुख्यमंत्री की पहल पर गौरैया के वास हेतु गौरैया बक्सा का वितरण किया जा रहा है।
विज्ञापन
अध्यक्षता करते हुए खंड शिक्षा अधिकारी समर अब्बास जैदी ने कहा गौरैय्या के बच्चों से खेलते हुए बचपन बीता है घर के समीप पेंड़ो के झुरमुट व कच्चे घरों की छतो पर गौरैय्या घोंषला बना कर रहती थी, लेकिन अब पक्के मकान होने व पेड़ कम होने से गौरैया कम हो गई है। स्कूल की वार्डेन डॉ. कंचन सिंह ने कहा गौरैया के संरक्षण में बेहतर भूमिका निभाने वाले बच्चों को बेहतर अंक दिए जांएगे। संचालन फारेस्टर आरपी सिंह ने किया।
विज्ञापन