लॉकडाउन के दौरान सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने वालों पर पुलिस की विशेष नजर है। इस मामले में लगातार कार्रवाई भी की जा रही है। पिछले 6 दिन में ही 6 मुकदमे दर्ज किए जा चुके हैं। इसके बावजूद सोशल मीडिया के बयानवीरों पर लगाम लगती नहीं दिख रही है।
रोज एक मुकदमा, फिर भी बाज नहीं आ रहे सोशल मीडिया के बयानवीर
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पुलिस अफसरों की ओर से कई बार एडवाइजरी भी जारी की गई कि सोशल मीडिया पर किसी भी तरह की आपत्तिजनक किया गलत सूचना पोस्ट किए जाने पर संबंधित के खिलाफ विधिक कार्रवाई की जाएगी। लेकिन फिर भी सोशल मीडिया का बयान वीर अपनी आदतों से बाज नहीं आ रहे हैं। शहर में पिछले 9 दिनों के अंदर ही ऐसे छह मामले दर्ज किए गए हैं। इनमें धार्मिक भावनाएं भड़काने, धारा 144 का उल्लंघन आईटी एक्ट समेत अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।
पुलिस के सोशल मीडिया अकाउंट पर लगातार इस तरह की शिकायतें दर्ज कराई जा रही हैं। इसके बावजूद मामले थमते नजर नहीं आ रहे हैं। रोज दर्ज हो रहे मामले 29 मार्च छात्र छात्राओं के लिए बस चलाए जाने संबंधी भ्रामक सूचना पोस्ट किए जाने के आरोप में इविवि छात्र संघ के पूर्व उपाध्यक्ष रिचा सिंह समेत चार नामजद 2 अप्रैल धर्म विशेष के बारे में आपत्तिजनक टिप्पणी टिप्पणी करने के आरोप में मनीष चंद्र मौर्य और अजीत राजपूत सिंह करणी सेना पर मुकदमा 4 अप्रैल धार्मिक भावनाएं भड़काने के आरोप में कासिम रजा गुड़िया नामक सोशल मीडिया योजना पर मुकदमा 5 अप्रैल करुणा को लेकर समुदाय विशेष के लोगों पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने के मामले में पटेल सौरभ वर्मा नाम की फेसबुक यूजर पर केस 6 अप्रैल पंथ विशेष और धर्म विशेष के बारे में आपत्तिजनक टिप्पणी करने के मामले में शैलेंद्र इंडियन, भीम लहर समय 3 सोशल मीडिया यूजर के खिलाफ मुकदमा एक में भी नहीं हो सकी है।
गिरफ्तारी सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने के मामले में दर्ज इन मुकदमों में अब तक एक भी गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। दरअसल आईटी एक्ट के तहत दर्ज मामलों की विवेचना इंस्पेक्टर स्तर के अधिकारियों को करनी होती है। मौजूदा दौर में लाकडाउन के चलते प्रभारियों के पास फिलहाल इतना वक्त नहीं कि वह मुकदमों की विवेचना की ओर ध्यान दे सकें। ऐसे में मामले पेंडिंग पड़े हैं। सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक टिप्पणी के मामले को लेकर पुलिस पूरी तरह गंभीर है। ऐसे लोगों के खिलाफ लगातार मुकदमे दर्ज किए जा रहे हैं। जल्दी इन्हें गिरफ्तार करने की कार्रवाई भी की जाएगी। बृजेश कुमार श्रीवास्तव एसपी सिटी