फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Sports ›   World Athletics Day 2022: Theme, History, Significance know about the story of Neeraj Chopra News in Hindi

World Athletics Day 2022: विश्व एथलेटिक्स दिवस का इतिहास और महत्व, जानें खिलाड़ियों पर कितना खर्च करता है भारत

Sat, 07 May 2022 01:46 PM IST
शक्तिराज सिंह स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: शक्तिराज सिंह Updated Sat, 07 May 2022 01:46 PM IST
सार

विश्व एथलेटिक्स दिवस की शुरुआत साल 1996 से हुई थी। यह दिन हर साल सात मई को मनाया जाता है। इस दिन स्कूल और कॉलेजों में कई तरह की गतिविधियों का आयोजन होता है। 
 

विज्ञापन
World Athletics Day 2022: Theme, History, Significance know about the story of Neeraj Chopra News in Hindi
विश्व एथलेटिक्स दिवस - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

हर साल सात मई के दिन फिटनेस के महत्व को बताने और खेल के लिए लोगों को प्रोत्साहित करने के लिए विश्व एथलेटिक्स दिवस मनाया जाता है। साल 1996 में अंतर्राष्ट्रीय एमेच्योर एथलेटिक महासंघ ने इसकी शुरुआत की थी। इसी दिन इंटरनेशनल एसोसिएशन ऑफ एथलेटिक्स फेडरेशन की स्थापना की गई थी। इस दिन, स्कूलों और कॉलेजों में कई अलग-अलग प्रतियोगिताओं और टूर्नामेंटों का आयोजन किया जाता है। हालांकि, कोरोना महामारी के कारण 2020 में इन्हें रोक दिया गया था।
विज्ञापन


विश्व एथलेटिक्स दिवस का उद्देश्य
विश्व एथलेटिक्स दिवस का उद्देश्य स्कूल कॉलेजों और अन्य संगठनों के छात्रों को खेल के संबंध में अवसर प्रदान करना है। इस दिन इंटरनेशनल एसोसिएशन ऑफ एथलेटिक्स फेडरेशन शारीरिक गतिविधि के महत्व को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न खेल आयोजनों की व्यवस्था करता है। इसका मुख्य उद्देश्य युवाओं के खेल कौशल पर जोर देना है और यह भी सुनिश्चित करना है कि वे एथलेटिक्स में अधिक से अधिक भाग लें। यह संगठन फिटनेस के फायदे के बारे में जागरूकता बढ़ाता है।
विज्ञापन


विश्व एथलेटिक्स दिवस का महत्व
विश्व एथलेटिक्स दिवस पर स्कूलों, कॉलेजों और विभिन्न अन्य संस्थानों में दौड़, शॉट पुट जैसे कई एथलेटिक खेल आयोजित किए जाते हैं, जिसमें ताकत और सहनशक्ति की आवश्यकता होती है। ये सारे आयोजन इंटरनेशनल एसोसिएशन ऑफ एथलेटिक्स फेडरेशन की तरफ से कराए जाते हैं। इस महासंघ का मानना है कि शारीरिक गतिविधि को बढ़ावा देने के लिए स्कूल सबसे अच्छी जगह है। कोई भी दूसरी जगह बच्चों के पोषण और प्रशिक्षण की क्षमता के मामले में स्कूलों की बराबरी नहीं कर सकता।
विज्ञापन
विज्ञापन


महासंघ के अनुसार एथलेटिक्स एक मुख्य खेल है जो बच्चों के सर्वांगीण विकास में योगदान देता है और उन्हें अन्य शारीरिक गतिविधियों में सक्षम बनाता है। स्कूलों के खेल कार्यक्रमों में एथलेटिक्स को सबसे अहम स्थान दिया जाना चाहिए।

भारत को स्वर्ण पदक दिलाने वाले नीरज चोपड़ा की कहानी
भारत को ट्रैक और फील्ड पर ओलंपिक में पहला स्वर्ण पदक नीरज चोपड़ा ने दिलाया। 24 दिसंबर 1997 को जन्मे नीरज चोपड़ा ने 87.58 मीटर के सर्वश्रेष्ठ थ्रो के साथ पुरुषों की भाला फेंक फाइनल में पहला स्थान हासिल करके इतिहास रच दिया था। नीरज चोपड़ा का जन्म हरियाणा के पानीपत जिले के खंडरा गांव में हुआ था। 23 वर्षीय चोपड़ा से आने वाले समय में कई और पदकों की उम्मीद है। 


खिलाड़ियों पर कितना खर्च करता है भारत
केन्द्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने विश्व एथलेटिक्स दिवस के अवसर पर हरियाणा के पंचकूला में चौथे खेलो इंडिया यूथ गेम्स का लोगो लॉन्च करते हुए बताया कि देश के 2300 एथलीट्स पर हर साल करोड़ों रुपये खर्च किए जाते हैं। एक एथलीट को बेहतर सुविधाएं प्रदान करने के लिए छह लाख का खर्च आता है। वहीं, युवा एथलीट्स को आगे बढ़ाने के लिए 140 करोड़ रुपये खर्च किए जाते हैं। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all Sports news in Hindi related to live update of Sports News, live scores and more cricket news etc. Stay updated with us for all breaking news from Sports and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed