फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Sports ›   Other Sports ›   Tokyo Olympics: Gold Medalist Neeraj Chopra says I was sure of winning gold in the second throw

टोक्यो ओलंपिक: नीरज चोपड़ा ने कहा- दूसरे थ्रो में स्वर्ण जीतने का हो गया था यकीन

Sun, 08 Aug 2021 06:55 AM IST
Kuldeep Singh स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Kuldeep Singh Updated Sun, 08 Aug 2021 06:55 AM IST
सार

  • नीरज ने कहा, सबसे महत्वपूर्ण बात यह थी कि मुझे ओलंपिक से पहले अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में खेलने का मौका मिला
  • मैंने सिर्फ अपने प्रदर्शन पर ध्यान केंद्रित किया, इससे मुझे स्वर्ण पदक जीतने में मदद मिली

विज्ञापन
Tokyo Olympics: Gold Medalist Neeraj Chopra says I was sure of winning gold in the second throw
नीरज चोपड़ा - फोटो : PTI

विस्तार

एथलेटिक्स में देश को पहला स्वर्ण पदक दिलाने वाले नीरज चोपड़ा ने कहा कि मैंने पहले ही सोच लिया था कि शुरुआती कुछ थ्रो में ही सर्वश्रेष्ठ करना है। ऐसा करने पर दूसरे खिलाड़ियों पर दबाव आ जाता है। दूसरा थ्रो करते ही मैं समझ गया था कि यह सर्वश्रेष्ठ है।

विज्ञापन


ओलंपिक से पहले नीरज ने स्वीडन में प्रशिक्षण लिया और कुछ यूरोपीय प्रतियोगिताओं में भी भाग लिया था। उन्होंने कहा कि सबसे महत्वपूर्ण बात यह थी कि मुझे ओलंपिक से पहले अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में खेलने का मौका मिला।
विज्ञापन


मैंने टारगेट ओलंपिक पोडियम स्कीम (टॉप्स), स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया और एथलेटिक्स फेडरेशन से कुछ व्यवस्था करने का अनुरोध किया। उन्होंने व्यवस्था की और इस कारण मैं अब यहां पहुंचा हूं। ओलंपिक से पहले मुझ पर कोई दबाव नहीं था।
विज्ञापन
विज्ञापन


ऐसा लग रहा था, जैसे मैं पहले इन एथलीटों के खिलाफ खेल चुका हूं। इसलिए चिंता का कोई कारण नहीं था। मैंने सिर्फ अपने प्रदर्शन पर ध्यान केंद्रित किया। इससे मुझे स्वर्ण पदक जीतने में मदद मिली। नीरज 2008 में नॉर्वे के एंड्रियास थोरकिल्डसन द्वारा बनाए गए 90.57 मीटर के ओलंपिक रिकॉर्ड को तोड़ने की कोशिश कर रहे थे। 

पदक जीतने का था विश्वास
नीरज ने कहा कि उन्हें हमेशा विश्वास था कि वह इस स्पर्धा में पदक जीतेंगे। यहां तक कि जब उन्होंने दूसरे प्रयास में अपना सर्वश्रेष्ठ 87.58 मीटर थ्रो किया, तब भी उन्हें यकीन नहीं था कि उन्हें स्वर्ण मिलेगा। मेरे मन में था कि मुझे एथलेटिक्स के लिए पदक जीतना चाहिए। तब टोक्यो में भारत के खाते में कोई स्वर्ण नहीं था। लेकिन जब मैं अपने रनवे पर होता हूं, तो मैं इसके बारे में नहीं सोचता। मैं बस अपना सर्वश्रेष्ठ देने की कोशिश करता हूं। पूरा ध्यान जेवलिन पर था।

अगर पहला थ्रो अच्छा जाता है, तो दबाव दूर हो जाता है। ऐसा ही हुआ। पहला थ्रो अच्छा गया और दूसरा थ्रो भी बहुत अच्छा था। तब मैं ओलंपिक रिकॉर्ड को लक्ष्य बना रहा था और मैंने अपना सर्वश्रेष्ठ दिया। जैसा कि मैंने पहले कहा था यह एक बहुत ही तकनीकी स्पर्धा है। इसलिए अपनी पूरी शक्ति और गति का उपयोग करने के बावजूद इससे बेहतर नहीं हो सका। मेरा अगला लक्ष्य 90 मीटर की दूरी को पार करना है। -नीरज चोपड़ा

मेरे इस पदक से बदलेंगी चीजें
नीरज का मानना है कि देश में बहुत प्रतिभाएं हैं और समग्र दृष्टिकोण के साथ कई एथलीट होंगे, जो ओलंपिक में देश को गौरवान्वित करेंगे। एथलेटिक्स (ओलंपिक में) में हम पहले थोड़े से अंतर से पीछे रह गए थे। पीटी उषा जी बहुत थोड़े से अंतर के कारण पदक हासिल करने से चूक गईं। अब पदक के साथ मुझे उम्मीद है कि चीजें बदल जाएंगी। भारत में बहुत प्रतिभाएं हैं और उन्हें बढ़ावा दिया जाएगा। हम ओलंपिक में और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बेहतर कर सकते हैं।

अंजू ने कहा, एयरपोर्ट पर लेने आऊंगी
जीत के बाद नीरज ने लांग जंपर अंजू बॉबी जॉर्ज से भी बात की। अंजू ने उन्हें बधाई दी और कहा कि वे उनके भारत आने का इंतजार कर रही हैं और उन्हें लेने एयरपोर्ट आएंगी। इस पर नीरज ने उनका शुक्रिया अदा किया और बोले कि वे उनके नक्शेकदम पर ही चल रहे हैं।

इंडिगो देगी एक साल तक निशुल्क यात्रा की सुविधा : निजी विमानन कंपनी इंडिगो ने घोषणा की कि वह नीरज चोपड़ा को एक वर्ष तक असीमित निशुल्क यात्रा करने की सुविधा देगी।

बीसीसीआई पदक विजेताओं को देगी इनाम
बीसीसीआई सचिव जय शाह ने रजत पदक विजेताओं को 50-50 लाख, कांस्य विजेतओं को 25-25 लाख और कांसा जीतने वाली पुरुष हॉकी टीम को 1.25 करोड़ रुपये देने की घोषणा की।

नीरज के अलावा कोई अन्य धुरंधर न छू सका 87 मीटर

टोक्यो ओलंपिक में भाला फेंक में स्वर्ण जीतकर इतिहास रचने वाले नीरज चोपड़ा ने फाइनल की शुरुआत 87.03 मीटर के थ्रो से की। इसी से उन्होंने अपने स्वर्ण जीतने के संकेत दे दिए थे। अन्य खिलाड़ी अपने छह प्रयासों में 87 मीटर को छू भी नहीं पाए। 

नीरज ने क्वालिफाइंग राउंड में 86.65 मीटर भाला फेंका था। उन्होंने वहां भी एक ही बार भाला फेंककर क्वालिफाई कर लिया था। इसके बाद उन्होंने अपने थ्रो को बेहतर किया और 87.58 मीटर का भाला फेंका। और यह उनके स्वर्ण पदक पर मुहर लगाने के लिए पर्याप्त था। कोई अन्य एथलीट इसे छू नहीं पाया।

तीसरे प्रयास में वह 76.79 मीटर भाला ही फेंक पाए जबकि चौथे और पांचवें प्रयास में फाउल कर गए। उन्होंने छठे प्रयास में 84.24 मीटर भाला फेंका लेकिन इससे पहले उनका स्वर्ण पदक पक्का हो गया था। चेक गणराज्य के जाकुब वादलेच ने 86.67 मीटर भाला फेंककर रजत जबकि उन्हीं के देश के वितेजस्लाव वेस्ली ने 85.44 मीटर की दूरी तक भाला फेंका और कांस्य पदक हासिल किया।

जर्मनी ने वेटर जो इस बार स्वर्ण पदक के सबसे माने जा रहे थे वह आखिरी 8 में भी जगह नहीं बना पाए। उनका सर्वश्रेष्ठ थ्रो 82.52 मीटर का रहा। चेक रिपब्लिक याकून वेदलेच और वितेजस्लाव वेसेले ने क्त्रस्मशऱ् सिल्वर और ब्रॉन्ज मेडल अपने नाम किया।

बधाइयों का लगा तांता, पैसों की बरसात

पिता का सपना साकार करने के लिए आभार -जीव मिल्खा सिंह
‘पिताजी वर्षों से इसका इंतजार कर रहे थे। एथलेटिक्स में पहले स्वर्ण पदक से उनका सपना आखिर सच हुआ। यह ट्वीट करते हुए मैं रो रहा हूं। मुझे पूरा विश्वास है कि ऊपर पिताजी की आंखों में भी आंसू होंगे। यह सपना साकार करने के लिए नीरज आपका आभार। आपने न सिर्फ ओलंपिक खेलों में देश के लिए एथलेटिक्स का पहला स्वर्ण पदक जीता, आपने इसे मेरे पिता को समर्पित किया। मिल्खा परिवार इस सम्मान के लिए तहेदिल से आभार व्यक्त करता है।’

हरियाणा सरकार देगी छह करोड़
हरियाणा सरकार ने नीरज को छह करोड़ रुपये देने के साथ ही क्लास-1 की नौकरी भी देगी। वहीं 50 फीसदी की छूट के साथ उन्हें एक प्लॉट भी दिया जाएगा। पंचकूला में एथलीटों के लिए सेंटर ऑफ एक्सीलेंस भवन का निर्माण किया जाएगा अगर नीरज चाहेंगे तो वह इस सेंटर के हेड रहेंगे।

जीत पर बधाइयों का तांता
नीरज की अभूतपूर्व जीत! आपके भाले ने बाधाओं को तोड़कर इतिहास बनाया। आपने अपने पहले ओलंपिक में भारत को पहली बार ट्रैक और फील्ड में पदक दिलाया। आपकी उपलब्धि हमारे युवाओं को प्रेरित करेगी। भारत उत्साहित है! हार्दिक बधाई! -रामनाथ कोविंद, राष्ट्रपति

‘टोक्यो में इतिहास रचा गया। नीरज ने जो हासिल किया है, उसे हमेशा याद रखा जाएगा। युवा नीरज ने असाधारण प्रदर्शन किया। वह काफी जुनून से खेला और उसने अद्वितीय संयम दिखाया। स्वर्ण पदक जीतने के लिए उन्हें बधाई।’- नरेंद्र मोदी, प्रधानमंत्री

‘अद्भुत प्रदर्शन। टोक्यो ओलंपिक की भाला फेंक स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीतकर इतिहास रचने वाले नीरज को हार्दिक बधाई। आपने ट्रैक एंड फील्ड खेलों में पहला स्वर्ण पदक जीत कर, देश को गौरवान्वित किया है। पूरा देश आपकी सफलता पर गर्व कर रहा है। भावी सफलताओं के लिए शुभकामनाएं।’ -एम वेंकैया नायडू, उपराष्ट्रपति 

‘नीरज। भारत का गोल्डन बॉय। भारत का ओलंपिक इतिहास रचा गया। आपका शानदार थ्रो ‘एक बिलियन चीयर्स’ का हकदार है। आपका नाम स्वर्णिम अक्षरों में इतिहास में लिखा जाएगा।’- अनुराग ठाकुर

‘नीरज के लिए स्वर्ण पदक। इस युवा खिलाड़ी के सामने नतमस्तक हूं। आपने देश के सपने को पूरा किया। शुक्रिया। साथ ही क्लब (स्वर्ण पदक के) में आपका स्वागत है, इसकी बहुत जरूरत थी। आप पर बहुत गर्व है। मैं आपके लिए बहुत खुश हूं।’ -अभिनव बिंद्रा

हम आपकी सेना हैं बहुबली। नीरज चोपड़ा। -आनंद महिंद्रा 

नीरज ने जेवलिन को पहुंचाया सूरज तक। आपकी वजह से भारत चमक रहा है। आपके भाले ने तिरंगे को हर तरफ लहराया। हर भारतीय को आप पर गर्व है। -सचिन तेंदुलकर

इस खबर ने तो मुझे जवान बना दिया। बता नहीं सकता कितना खुश हूं, मुझे नशा सा छा गया है। -धर्मेंद्र

ओलंपिक में सूबेदार नीरज की स्वर्णिम जीत भारतीय सेना के लिए गौरव की बात है। उन्होंने सच्चे सैनिक की तरह प्रदर्शन किया। यह वास्तव में भारतीय सेना सहित पूरे देश के लिए गर्व का क्षण है। उन्हें बहुत-बहुत बधाई। इतिहास रचने के लिए उन पर गर्व है।-राजनाथ सिंह, रक्षामंत्री 

एथलेटिक्स में गोल्ड जीतना बड़ी बात है। 2028 में शीर्ष दस में पहुंचने का लक्ष्य है, उसका यह एक नमूना है। -किरेन रिजिजू, पूर्व खेल मंत्री 

ऐतिहासिक, लट्ठ गाड़ दिया छोरे ने, पूरे देश को आप पर गर्व है। 12 खिलाड़ियों ने जोर लगा लिया, लेकिन नीरज का रिकॉर्ड नहीं तोड़ सके। नीरज के पहले प्रयास में ही पता चल गया था कि वह गोल्ड जीतेगा।-मनोहर लाल खट्टर, मुख्यमंत्री हरियाणा 

देश के लिए ये गर्व की बात है, मेरे बच्चे ने आज देश का नाम रोशन किया है। -सतीश कुमार, पिता 

इतिहास रचने के लिए नीरज आपको तहे दिल से बधाई। आपने एक अरब लोगों की आंखों में खुशियां भर दीं।-अक्षय कुमार

पैसों की बरसात 
-06 करोड़ रुपये और सरकारी हरियाणा सरकार 
-01 करोड़ बीसीसीआई 
-75 लाख रुपये आईओए देगा
-50 लाख रुपये खेल मंत्रालय से मिलेंगे 

 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all Sports news in Hindi related to live update of Sports News, live scores and more cricket news etc. Stay updated with us for all breaking news from Sports and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed