Wimbledon 2021: फेडरर का 21वां ग्रैंड स्लैम जीतने का सपना टूटा, 10वीं बार सेमीफाइनल में जोकोविच
- जोकोविच 41वीं बार किसी ग्रैंड स्लैम में सेमीफाइनल में पहुंचे
- ग्रास कोर्ट पर यह उनकी 100वीं जीत थी
- रोजर फेडरर विंबलडन से बाहर
- हर्बट हर्केज ने आठ बार के चैंपियन फेडरर को क्वार्टरफाइनल में हराया
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विस्तार
हर्बट हर्केज ने आठ बार के चैंपियन रोजर फेडरर को सीधे सेटों में हराकर विंबलडन टेनिस टूर्नामेंट में बुधवार को सबसे बड़ा उलटफेर किया। इसके साथ ही फेडरर का 21वां ग्रैंड स्लैम जीतने का सपना टूट गया। पोलैंड के 14वीं वरीयता प्राप्त हर्केज ने उन्हें 6-3, 7-6 (4), 6-0 से हराकर पहली बार किसी ग्रैंडस्लैम टूर्नामेंट के सेमीफानइल में प्रवेश किया।
And they say to never meet your heroes…@HubertHurkacz knocks out his idol, eight-time champion Roger Federer, in straight sets to advance to his first Grand Slam semi-final#Wimbledon pic.twitter.com/Qri1uriPDF
— Wimbledon (@Wimbledon) July 7, 2021विज्ञापन
अभी संन्यास नहीं, आत्ममंथन का समय
अगले महीने (8 अगस्त) 40 के होने जा रहे ग्रासकोर्ट के बादशाह रोजर फेडरर का अभी संन्यास का इरादा नहीं हैं। उनका अभी खेलने का लक्ष्य है। वह कोर्ट पर और समय बिताना चाहते हैं। बीस बार के ग्रैंड स्लैम चैंपियन फेडरर विंबलडन के क्वार्टर फाइनल में अपने से 15 साल छोटे हुबर्ट हर्काज से हार गए। इसके बाद ऑल इंग्लैंड क्लब पर अमूमन दर्शकों ने खड़े होकर उनका अभिवादन किया है जो विदाई जैसा लग रहा था। ऐसे कयास हैं कि आठ बार के चैंपियन ने अपना आखिरी विंबलडन खेल लिया। रिकॉर्ड 22वीं बार यहां खेलने वाले फेडरर ने माना कि उन्हें पता नहीं है कि वह अगला विंबलडन खेल सकेंगे या नहीं। क्या यहां उनका यह आखिरी मैच था, फेडरर ने कहा, 'पता नहीं। मुझे सच में नहीं पता। मुझे आत्ममंथन करना होगा। पिछले कुछ मैच अपेक्षा के अनुरूप नहीं थे। मुझे इस तरह के हालात की आदत नहीं है। यहां तो कतई नहीं।'
जोकोविच 10वीं बार विंबलडन के सेमीफाइनल में
दुनिया के नंबर एक खिलाड़ी नोवाक जोकोविच बुधवार को 10वीं बार विंबलडन के सेमीफाइनल में पहुंचे। पांच बार के चैंपियन जोकोविच ने हंगरी के मार्टन फुस्कोविच को तीनों सेटों में 6-3, 6-4, 6-4 से हराया। दोनों खिलाड़ियों के बीच यह मुकाबला दो घंटे 17 मिनट तक चला। पहला सेट उन्होंने महज 42 मिनट ही जीत लिया। इसके बाद दोनों सेटों में भी उन्होंने शानदार जीत दर्ज करते हुए सेमीफाइनल में प्रवेश किया। जोकोविच 41वीं बार किसी ग्रैंड स्लैम में सेमीफाइनल में पहुंचे हैं। ग्रास कोर्ट पर यह उनकी 100वीं जीत थी।
सेमीफाइनल में जोकोविच का सामना शापोवालोव से
जोकोविच सेमीफाइनल में दसवीं वरीयता प्राप्त डेनिस शापोवालोव का सामना करेंगे। कनाडा के इस खिलाड़ी ने साढ़े तीन घंटे तक चले मैच में रूस के 25वें वरीय कारेन खाचनोव को 6-4, 3-6, 5-7, 6-1, 6-4 से पराजित किया। शापोवालोव पहली बार किसी ग्रैंडस्लैम प्रतियोगिता के सेमीफाइनल में पहुंचे हैं। 22 वर्षीय शापोवालोव ने 2016 में विंबलडन में जूनियर खिताब जीता था। उन्होंने खाचनोव से लगभग दोगुना 59 विनर्स लगाए। रूसी खिलाड़ी 31 विनर ही लगा पाया। शापोवालोव ने 17 ऐस भी जमाए, जिससे उनकी 10 डबल फॉल्ट की भरपायी भी हो गई। पांचवें और आखिरी सेट में दोनों खिलाड़ी 4-4 से बराबरी पर चल रहे थे। शापोवालोव ने इसके बाद दोनों गेम जीतकर मैच अपने नाम किया।
10th #Wimbledon semi-final.
— Wimbledon (@Wimbledon) July 7, 2021
41st Grand Slam semi-final.
100th match-win on grass.
Will anyone stop the Djoker? The defending champion is into the final 4 with a straight sets victory over Marton Fucsovics pic.twitter.com/Ah1JcW2KpL
जोकोविच की निगाह 20वां ग्रैंडस्लैम खिताब जीतने पर
जोकोविच अब वह 20वां ग्रैंडस्लैम खिताब जीतकर रिकॉर्ड की बराबरी करने की कवायद में हैं। सर्बिया के इस 34 वर्षीय खिलाड़ी ने इस सत्र में ग्रैंडस्लैम टूर्नामेंटों में 19 मैच जीते हैं और वह कैलेंडर ग्रैंडस्लैम पूरा करने की तरफ भी बढ़ रहे हैं। रॉड लीवर (1969) के बाद कोई भी पुरुष खिलाड़ी ऐसा नहीं कर पाया। पहली बार ग्रैंडस्लैम क्वार्टरफाइनल में खेल रहे फुस्कोविच के खिलाफ जोकोविच ने 18 मिनट के अंदर 5-0 की बढ़त हासिल कर ली थी। इसके बाद जोकोविच ने हालांकि तीन गेम गंवाए और पहला सेट उन्होंने छठे सेट प्वाइंट पर अपने नाम किया। इसके बाद दूसरा और तीसरा सेट जीतने में उन्हें किसी तरह की परेशानी नहीं हुई।