{"_id":"c10fdb9e-1c2d-11e2-bae0-d4ae52bc57c2","slug":"sebastian-vettel-wants-to-win-igp-again","type":"story","status":"publish","title_hn":"आईजीपी को दोबारा जीतने की इच्छा","category":{"title":"Sports","title_hn":"खेल ","slug":"sports"}}
आईजीपी को दोबारा जीतने की इच्छा
ग्रेटर नोएडा/अमर उजाला ब्यूरो
Updated Mon, 22 Oct 2012 03:19 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
भारतीय फॉर्मूला-1 रेस शुरू होने में कम दिन बचे हैं। लेकिन एफ-1 टीमों से जुड़े लोगों ने अपनी राय और टिप्पणियां देना शुरू कर दिया है। पिछले साल के एफ-1 चैंपियन और आईजीपी के विजेता सेबेस्टियन वेट्टेल की मानें तो वे इस सर्किट पर दोबारा जीतने के लिए उतरेंगे।
रेडबुल रेनॉल्ट टीम के ड्राइवर और 2012 सीजन में सर्वाधिक अंक लेकर सबसे आगे चल रहे वेट्टेल के ऑनलाइन जारी बयान के मुताबिक पिछली साल बुद्ध इंटरनेशनल सर्किट का लेआउट मुझे काफी पसंद आया था, इसलिए नहीं कि मैंने वहां जीत दर्ज की थी। 235 किलोमीटर प्रतिघंटे की औसत रफ्तार से यह ट्रैक मोंजा सर्किट के बाद दूसरे पायदान पर है।
यह एक रोलरकोस्टर की तरह है। यह फॉर्मूला-1 ड्राइवर्स के लिए एक बेहद चुनौती भरे सर्किट के रूप में सामने उबरा है। वहीं, टीम के दूसरे ड्राइवर मार्क वेब्बर की मानें तो यह काफी चुनौती भरा सर्किट है। यह ड्राइविंग के लिहाज से अच्छा सर्किट है और मुझे यहां ड्राइविंग में काफी मजा आया। यह ट्रैक कोरियन ट्रैक से मिलता जुलता है।
विज्ञापन
विज्ञापन
रेडबुल रेनॉल्ट टीम के ड्राइवर और 2012 सीजन में सर्वाधिक अंक लेकर सबसे आगे चल रहे वेट्टेल के ऑनलाइन जारी बयान के मुताबिक पिछली साल बुद्ध इंटरनेशनल सर्किट का लेआउट मुझे काफी पसंद आया था, इसलिए नहीं कि मैंने वहां जीत दर्ज की थी। 235 किलोमीटर प्रतिघंटे की औसत रफ्तार से यह ट्रैक मोंजा सर्किट के बाद दूसरे पायदान पर है।
विज्ञापन
यह एक रोलरकोस्टर की तरह है। यह फॉर्मूला-1 ड्राइवर्स के लिए एक बेहद चुनौती भरे सर्किट के रूप में सामने उबरा है। वहीं, टीम के दूसरे ड्राइवर मार्क वेब्बर की मानें तो यह काफी चुनौती भरा सर्किट है। यह ड्राइविंग के लिहाज से अच्छा सर्किट है और मुझे यहां ड्राइविंग में काफी मजा आया। यह ट्रैक कोरियन ट्रैक से मिलता जुलता है।
विज्ञापन