खेल मंत्रालय ने रोका तीरंदाजी संघ का चुनाव, कहा- नया संविधान स्पोर्ट्स कोड 2011 के मुताबिक नहीं
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खेल मंत्रालय ने भारतीय तीरंदाजी संघ (एएआई) के 22 दिसंबर को होने वाले चुनाव रोकने को कहा है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश से तैनात एएआई के प्रशासक और देश के पूर्व चुनाव आयुक्त एसवाई कुरैशी द्वारा तैयार किए गए संघ के नए संविधान को खारिज करते हुए कहा कि यह 2011 के स्पोर्ट्स कोड के अनुसार तैयार नहीं किया गया है।
अदालत के आदेश में साफ है कि खेल संघों का संविधान स्पोर्ट्स कोड को ध्यान में रख तैयार किया जाए। मंत्रालय ने कुरैशी से कहा है कि सुप्रीम कोर्ट के संज्ञान में यह बात लाकर चुनाव रोकने की अपील की जाए। साथ ही स्पोर्ट्स कोड के अनुसार फिर से संविधान तैयार कर चुनाव कराए जाएं।
लग सकता है तीरंदाजों पर प्रतिबंध
खेल सचिव राहुल भटनागर ने कुरैशी को लिखा है कि वर्ल्ड आर्चरी फेडरेशन (डब्लूएएफ) ने भी नए संविधान पर आपत्ति जताई है। डब्लूएएफ ने इशारा किया है कि अगर इसके अनुसार चुनाव होते हैं तो इसे मान्यता नहीं दी जाएगी। ऐसे में वर्ल्ड आर्चरी नवनियुक्त फेडरेशन पर प्रतिबंध लगा सकती है और देश के तीरंदाजों का भविष्य संकट में पड़ सकता है।
सरकारी कर्मियों को किया है बाहर
नए संविधान में कुरैशी ने नेताओं के अलावा सरकारी कर्मियों को चुनावी प्रक्रिया से बाहर कर दिया है। इससे राज्य संघों में तैनात पदाधिकारियों के वोटिंग अधिकार छिन गए हैं। खेल सचिव का कहना है कि स्पोर्ट्स कोड में यह प्रावधान नहीं है। ऐसा करने से एएआई की पूरी चुनावी प्रक्रिया पर असर पड़ेगा।
23 तीरंदाजों को दिए हैं वोटिंग के अधिकार
हालांकि कुरैशी ने खुद के तैयार संविधान से उलट जाकर 23 तीरंदाजों को वोटिंग के अधिकार दिए हैं। इनमें से 15 सरकारी नौकरी में हैं। चुनाव में उतरने की तैयारी कर रहे राज्य संघों को भी इसी पर आपत्ति थी कि सरकारी नौकर खिलाड़ी वोट डालेंगे और उनसे यह अधिकार छीना जा रहा है।