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खेल मंत्रालय के निशाने पर आए 16 खेल संघ
Sun, 03 Feb 2019 11:08 PM IST
Mukesh Jha
हेमंत रस्तोगी, अमर उजाला
हेमंत रस्तोगी, अमर उजाला
Published by: Mukesh Jha
Updated Sun, 03 Feb 2019 11:08 PM IST
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टेबल टेनिस
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खेल मंत्रालय ने स्पोट्र्स कोड 2011 के अनुसार आम जनता से अपनी और खिलाडियों की जानकारी साझा नहीं करने वाले खेल संघों को निशाने पर ले लिया है। मंत्रालय ने पैरालंपिक कमेटी ऑफ इंडिया, टेबल टेनिस, बास्केटबाल, तैराकी, रोइंग, बिलियड्र्स, स्नूकर, हैंडबाल, वूशु, फेंसिंग समेत 16 खेल संघों पर कार्रवाई करने को कमर कस ली है।
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मंत्रालय ने साफ कर दिया है कि 31 मार्च तक अपनी वेबसाइट पर स्पोट्र्स कोड के अनुसार जानकारियां नहीं साझा की गई तो उनकी वार्षिक मान्यता को बंद करने का कदम उठाया जा सकता है। फिल्हाल मंत्रालय ने इनके समेत 52 खेल संघों को वर्ष 2019 के लिए मान्यता प्रदान कर दी है।
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पैसे और चयन का ब्योरा देना है अनिवार्य
स्पोट्र्स कोड के अनुसार खेल संघों को अपनी वेबसाइट पर मंत्रालय की ओर से दिए जाने वाले पैसे के खर्च का ऑडिटेड एकाउंट के अलावा खिलाडिय़ों की चयन प्रक्रिया का ब्योरा देना अनिवार्य है। इसके अलावा वार्षिक कैलेंडर के साथ कोर ग्रुप के लिए चुने गए खिलाडिय़ों, चयन के लिए प्रदर्शन का आधार, डोप की रोकथाम और एज फ्राड को उठाए गए कदम, चयन समिति का ब्योरा, मंत्रालय के अलावा अन्य जगहों से हासिल की गई रकम का ब्योरा, खुद से कमाई गई रकम का भी ब्योरा देना अनिवार्य है, लेकिन मंत्रालय ने जब साल 2019 की मान्यता देने के लिए खेल संघों की वेबसाइट को खंगाला तो 16 खेल संघ ऐसे निकले जो इन मानदंडों पर खरे नहीं उतर रहे थे। खिलाडिय़ों को नुकसान नहीं हो इसकेलिए मंत्रालय ने फिल्हाल इन खेल संघों को मान्यता दे दी है, लेकिन उन्हें 31 मार्च तक का समय दिया है।
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नरमी बरतने के मूड में नहीं है मंत्रालय
इस बार मंत्रालय स्पोट्र्स कोड को अपनाने के मामले में खेल संघों के प्रति नरमी बरतने के मूड में नहीं है। उसने साफ कर दिया है कि खेल संघों के लिए यह प्रक्रिया नहीं है बावजूद इसके इसकी उपेक्षा की जाती है। 31 मार्च तक खेल संघों ने अगर इसे पूरा नहीं किया तो उनकी आर्थिक मदद हर हाल में रोक दी जाएगी। मंत्रालय खिलाडिय़ों की तैयारियों के लिए खेल संघों को भारी भरकम राशि देता है। साथ ही राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय चैंपियनशिप के अयोजन के लिए भी सहायता राशि दी जाती है। मंत्रालय ने यह भी साफ किया है कि जांच में अगर पाया जाता है कि जानकारी गलत दी गई तो उनकी तत्काल मान्यता रद्द कर दी जाएगी।
छह खेल संघों को नहीं दी मान्यता
मंत्रालय ने स्पोट्र्स कोड नहीं मानने वाले छह खेल संघों को मान्यता नहीं दी है। इनमें तीरंदाजी, जिम्नास्टिक, गोल्फ, ताईक्वांडो, कैरम, पेंचाक सिलाट शामिल हैं। वहीं घुड़सवारी संघ को तीन अगस्त तक की मान्यता दी गई है।