नेशनल डोप टेस्ट लैबोरेटरी से प्रतिबंध हटने की उम्मीदों को झटका
- लैब में टेस्ट किए गए चार डोप पॉजिटिव केस वाडा की टेस्टिंग में नेगेटिव निकले
- चारों खिलाडिय़ों पर लग चुका है प्रतिबंध, वाडा की रिपोर्ट के बाद नाडा हटाएगा प्रतिबंध
- वाडा लैब एक्सपर्ट ग्रुप के समक्ष सही प्रक्रिया करनी होगी साबित वरना खतरनाक परिणाम भुगतेगी लैब
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
वर्ल्ड एंटी डोपिंग एजेंसी (वाडा) की ओर से नेशनल डोप टेस्ट लैबोरेटरी (एनडीटीएल) पर लगाए गए प्रतिबंध हटने की उम्मीदें बुरी तरह चरमरा गई हैं। एनडीटीएल की ओर से किए गए आईसोटोप रेश्यो मॉस स्पेक्ट्रोमेट्री (आईआरएमएस) की टेस्टिंग में पॉजिटिव पाए गए चार खिलाडिय़ों के सैंपल वाडा की टेस्टिंग में नेगेटिव पाए गए हैं। इन चारों खिलाडिय़ों पर नाडा की ओर से प्रतिबंध लगाया जा चुका है। अब नाडा इन चारों खिलाडिय़ों से प्रतिबंध हटाने की तैयारी कर रहा है।
अब एनडीटीएल लैब को वाडा के लैब एक्सपर्ट ग्रुप के समक्ष टेस्टिंग की प्रक्रिया को सही साबित करना होगा। अगर एनडीटीएल ऐसा करने में विफल रहती है तो उसे खतरनाक परिणाम भुगतने पड़ सकते हैं। ऐसे में लैब पर वाडा नियमित या फिर काफी बड़े अंतराल का प्रतिबंध लगा सकता है। वाडा एनडीटीएल के भाग्य पर इसी माह फैसला ले सकता है। इसकी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
वाडा ने 38 में से 12 सैंपलों पर जताया शक
वाडा ने एनडीटीएल में एक जनवरी 2016 से 19 अगस्त 2019 तक किए गए 38 आईआरएमएस टेस्ट का डाक्यूमेंटेशन पैकेज मांगा था। सूत्र बताते हैं कि इन 38 में से 12 सैंपलों पर वाडा ने शक जताते हुए इनके सैंपल मांगे। इनमें से एनडीटीएल ने चार सैंपल वाडा को दिए। इन चारों सैंपल को रोम लैब में टेस्टिंग के लिए भेजा गया। ये चारों सैंपल एनडीटीएल में पॉजिटिव थे, लेकिन रोम लैब में ये चारों नेगेटिव पाए गए।
हालांकि सूत्र बताते हैं कि ये चारों खिलाड़ी कोई नामी नहीं है। इनमें दो एथलेटिक्स (डिस्कस थ्रोअर, डिकेथलन), एक फेंसर और एक साइकिलिस्ट है। एनडीटीएल वाडा की भेजी रिपोर्ट नाडा को दे दी है। नाडा इन चारों से प्रतिबंध हटाने जा रहा है। हालांकि एनडीटीएल इन टेस्टों की प्रक्रिया को सही साबित करने को कोई कसर नहीं छोड़ेगा।
आईआरएमएस ठीक किए बिना नहीं बनेगी बात
वाडा ने संकेत दिए हैं कि आईआरएमएस ठीक किए बिना उनकी ओर से एनडीटीएल का दौरा नहीं किया जाएगा, लेकिन एनडीटीएल में अब तक आईआरएमस को सुधारा नहीं जा सका है। इस बीच खेल मंत्री किरन रिजीजू ने भी वाडा को पत्र लिखकर आईआरएमएस को छोड़ लैब पर लगे रप्रितबंध को हटाने की गुहार लगाई, लेकिन वाडा इस पर नहीं मानी। वहीं खेल मंत्रालय ने लैब का आईएसओ प्रमाण पत्र हासिल करने की प्रक्रिया सोमवार को शुरू कर दी। जर्मनी से दो वैज्ञानिकों को इसके लिए बुलाया गया है।