AIBA के एथलीट आयोग में जगह बनाने की होड़ में पूर्व विश्व चैम्पियन बॉक्सर सरिता देवी
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
भारत की पूर्व विश्व चैम्पियन महिला मुक्केबाज एल सरिता देवी को सितंबर-अक्टूबर में आयोजित होने वाली विश्व चैम्पियनशिप के दौरान गठित होने वाले अंतराष्ट्रीय मुक्केबाजी संघ (एआईबीए) के एथलीट आयोग के सदस्य के लिए नामांकित किया गया है।
37 वर्षीय मुक्केबाज आठ बार की एशियाई चैम्पियनशिप पदकधारी हैं जिसमें से पांच स्वर्ण हैं। वह इस समय भारतीय मुक्केबाजी महासंघ की कार्यकारी समिति में एथलीट प्रतिनिधि हैं। भारतीय मुक्केबाजी महासंघ ने विश्व संस्था में इस पद के लिए उनका नाम चुना है। एआईबीए एथलीट आयोग पहली बार विश्व चैम्पियनशिप के दौरान मतदान के जरिये बनाया जाएगा।
मणिपुर की लाइटवेट (60 किग्रा) वर्ग की अनुभवी मुक्केबाज ने पीटीआई से कहा, 'निश्चित रूप से इसके लिए नामांकित किया जाना गर्व की बात है लेकिन मैं यह भी समझती हूं कि अगर मुझे चुन लिया गया तो यह बड़ी जिम्मेदारी होगी।'
पूर्व राष्ट्रीय चैम्पियन और 2014 राष्ट्रमंडल खेलों की रजत पदकधारी सरिता एशियाई क्षेत्र से अभी तक एकमात्र दावेदार हैं। उनके निर्विरोध चुने जाने की उम्मीद है क्योंकि आयोग प्रत्येक पांच क्षेत्रीय परिसंघों में प्रत्येक से एक पुरूष और एक महिला मुक्केबाज का चयन करेगा। नामांकन भरने की अंतिम तारीख पांच जून थी जबकि इस महीने के शुरू में उम्मीदवारों की सूची को अंतिम रूप दिया गया था। एथलीट आयोग उन सुधारों का हिस्सा हैं जिनकी अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति ने एआईबीए के लिये सिफारिश की थी।
आईओसी ने एआईबीए को 2020 तोक्यो ओलंपिक के लिए क्वालीफायर आयोजित करने से रोक दिया है। एआईबीए में प्रशासनिक और वित्तीय अनियमितताओं के आरोपों के कारण यह फैसला लिया गया।सरिता ने कहा, 'मैं अब भी सक्रिय खिलाड़ी हूं और जल्द ही संन्यास लेने की भी कोई योजना नहीं है। मैं समझती हूं कि कई भूमिकाओं के लिये समय निकालना चुनौतीपूर्ण होगा लेकिन अगर मैं चुनी गयी तो मैं अपना सर्वश्रेष्ठ करने की कोशिश करूंगी।'