खेल मंत्री रिजिजू ने दिए जांच के आदेश, बिना सरकारी अनुमति के कैसे पहुंची थी भारतीय टीम
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खेल मंत्री किरण रिजिजू ने सोमवार को राष्ट्रीय कबड्डी महासंघ (एकेएफआई) को 'अनाधिकृत' भारतीय टीम के पाकिस्तान में सर्कल स्टाइल वर्ल्ड कप में हिस्सा लेने की जांच करने के आदेश दिए। इस बीच हालांकि टीम के प्रमोटर ने कहा है कि 'अनौपचारिक' टूर्नामेंट में हिस्सा लेने के लिए स्वीकृति की जरूरत नहीं थी। फाइनल में हार के बाद टीम रविवार को लाहौर से लौट आई।
टीम ने हालांकि इस टूर्नमेंट में हिस्सा लेने को लेकर काफी विवाद हुआ जिससे अंतरराष्ट्रीय कबड्डी महासंघ ने 'अवैध' करार दिया। अटारी-वाघा बार्डर के जरिए जमीनी रास्ते से वापस लौटने पर टीम प्रमोटर देविंदर सिंह बाजवा ने कहा, 'इस टूर्नामेंट में हिस्सा लेने के लिए हमें किसी प्राधिकरण से स्वीकृति की जरूरत नहीं थी, क्योंकि हम सभी व्यक्तिगत तौर पर वहां गए थे।'
प्रमोटर बोले कुछ भी गलत नहीं किया
उन्होंने कहा, 'हमारे अपने पांच स्वतंत्र महासंघ हैं जो प्रतियोगिता में हिस्सा लेने के लिए निजी तौर पर पाकिस्तान गए थे। इसलिए इसमें कुछ भी गलत नहीं है।' नई दिल्ली में खेल मंत्री ने कहा कि उन्होंने भारतीय एमेच्योर कबड्डी महासंघ को जांच के आदेश दिए हैं।
रिजिजू ने कहा, 'हमारी आधिकारिक कबड्डी टीम पाकिस्तान नहीं गई थी। हमें नहीं पता कि वहां कौन गया था। यह सही नहीं है कि कोई भी अनधिकृत टीम कहीं भी जाए और भारत के नाम से खेले। हमने कोई आधिकारिक टीम नहीं भेजी।'
कबड्डी महासंघ भड़का
उन्होंने कहा, 'हम कबड्डी महासंघ ने जांच करने को कहेंगे और उन लोगों की पहचान करेंगे जो वहां गए और बिना स्वीकृति के भारत के नाम का इस्तेमाल किया। किसी भी मान्यता प्राप्त टूर्नमेंट में भारत का प्रतिनिधित्व करने के लिए यह अनिवार्य है कि संबंधित खेल के राष्ट्रीय महासंघ से स्वीकृति ली जाए।’ मंत्री ने हालांकि कहा, ‘अगर कोई किसी निजी टूर्नमेंट के लिए जाता है तो हम कुछ नहीं कर सकते।'
इमरान खान के ट्वीट से शुरू हुआ विवाद
फाइनल में भारत को हराकर खिताब जीतने के लिए पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान ने अपनी टीम को ट्विटर पर बधाई दी और इस बारे में पूछने पर रिजिजू ने कहा कि इमरान ने बुद्धिमानी का काम नहीं किया।
उन्होंने कहा, 'पाकिस्तान के प्रधानमंत्री के लिए यह बुद्धिमानी भरा नहीं है कि वह इस तरह के बयान दें। यह गंभीर मुद्दा है। इमरान खान स्वयं खिलाड़ी हैं, अब वह प्रधानमंत्री बन गए हैं लेकिन उन्हें इस तरह के बयान देने से बचना चाहिए।' बाजवा ने कहा है कि यह टूर्नमेंटा सिख धर्म के संस्थापक गुरु नानक देव के 550वें जयंती समारोह के कार्यक्रम का हिस्सा था।
पाकिस्तान ने जीता सर्कल कबड्डी विश्व कप
इसके पहले पाकिस्तान ने रविवार को लाहौर के पंजाब स्टेडियम में चिर-प्रतिद्वंद्वी भारत को हराते हुए सर्कल कबड्डी विश्व कप जीत लिया था। गैर मान्यता प्राप्त भारतीय टीम को फाइनल में 43-41 से मात देते हुए पाकिस्तान ने पहली बार खिताब अपने नाम किया। इस नजदीकी मुकाबले में मेजबान टीम हाफ टाइम तक 18-24 से पीछे थी, लेकिन दूसरे हाफ में पाकिस्तान ने जोरदार पलटवार करते हुए भारत को दो अंक से हरा दिया। पाकिस्तान की ओर से मोहम्मद इरफान ऊर्फ मन्ना जट्ट और स्टार रेडर शफीक चिश्ती ने जीत के हीरो रहे।
Winning Moment Pakistan Vs India Kabaddi World Cup 2020 👏👏 pic.twitter.com/5E4pgf87T8
— Pakistan Kabaddi Federation (@PakistanKabaddi) February 16, 2020
सरकार की अनुमति के बिना पहुंची भारतीय टीम
इसके पहले चार बार भारत फाइनल में पाकिस्तान को फाइनल में हरा चुका था, लेकिन पांचवीं बार बेहद करीबी अंतर से ही सही उसे जीत मिल ही गई। यह विश्व कप बेहद विवादों में भी रहा। दरअसल, भारतीय टीम बगैर किसी को सूचना दिए 7 फरवरी को वाघा बॉर्डर के रास्ते लाहौर पहुंची थी। इस दल में 45 खिलाड़ी, 12 अधिकारी और कोच शामिल थे। भारत में कबड्डी की सबसे बड़ी संस्था एमेच्योर कबड्डी फेडरेशन ऑफ इंडिया (AKFI) ने पाकिस्तान को पत्र लिखकर कहा था कि उन्होंने सर्कल कबड्डी विश्व कप के लिए कोई टीम भेजी ही नहीं, जो टीम लाहौर गई, उसे भारत के नाम और तिरंगे के साथ खेलने तक की अनुमति नहीं है। इस टीम के खिलाफ खेल मंत्रालय की जांच चल रही है।
Team India doing March Past at the opening ceremony of Kabbadi Worldcup 2020#KabaddiWorldCup pic.twitter.com/5ATvElOa0i
— Indian Kabaddi Team (@KabaddiIndia) February 9, 2020
खेल मंत्री बोले- हमें सूचना ही नहीं
सोशल मीडिया पर भारतीय टीम की पाकिस्तान से फोटो वायरल होने के अगले ही दिन यानी 8 फरवरी को खेल मंत्री किरण रिजिजू ने अपने बयान में कहा था कि, 'पाकिस्तान जाने के लिए किसी ने भी कबड्डी खिलाड़ियों को अनुमति नहीं दी। खिलाड़ियों को वीजा देने में हमारी कोई भूमिका नहीं है। हम कबड्डी फेडरेशन से बात करेंगे कि उन्होंने इस दौरे की सूचना पहले संबंधित विभाग या मंत्रालय को दी या नहीं।'

कबड्डी और सर्कल कबड्डी में क्या फर्क है?
पाकिस्तान में आयोजित सर्कल कबड्डी वर्ल्ड कप है, जो कबड्डी मानकों से अलग है। सर्कल कबड्डी को इंटरनेशनल कबड्डी फेडरेशन की ओर से मान्यता भी प्राप्त नहीं है। यह एशियाई खेलों का एक हिस्सा है। सर्कल कबड्डी में गोल घेरे में खिलाड़ी खेलते हैं न कि स्टैंडर्ड कबड्डी। तय मानकों के मुताबिक, एक कबड्डी टीम में 80 किलो वजन से नीचे के 7 खिलाड़ी होते हैं, जबकि सर्कल कबड्डी में वजन का कोई प्रतिबंध नहीं है। साथ ही इस टूर्नामेंट में एक टीम में 8 खिलाड़ी खेलते हैं। इसके अलावा खेल का मैदान भी गोलाकार ही रखा जाता है।