मुक्केबाजी विश्व कप: अमित पंघाल ने जीता स्वर्ण पदक, सतीश कुमार को रजत से करना पड़ा संतोष
भारतीय मुक्केबाज अमित पंघाल ने जर्मनी के कोलोन में चल रहे मुक्केबाजी विश्व कप में स्वर्ण पदक अपने नाम कर लिया है। शनिवार को 52 किग्रा भारवर्ग के फाइनल में उनके विपक्षी खिलाड़ी द्वारा पीछे हटने के बाद पंघाल को स्वर्ण पदक दिया गया। पंघाल को जर्मनी के अरगिष्टी टर्टरयान ने वाकओवर दिया।
एशियाई गेम्स के चैंपियन पंघाल ने इससे पहले सेमीफाइनल में फ्रांस के विश्व चैंपियनशिप के कांस्य पदक विजेता बिलाल बेननमा को 5-0 से हराकर फाइनल में अपनी जगह पक्की की थी।
Update from Germany🇩🇪@Boxerpanghal
wins gold, his opponent has given a walkover.#SatishKumar has picked up an injury from his semi-final bout and has withdrawn from the final match, on doctor's advice. He settles for a Silver Medal#ColoneBoxingWorldCup#boxing #NewsUpdate pic.twitter.com/OtHbxiloohविज्ञापन विज्ञापन— Boxing Federation (@BFI_official) December 19, 2020
पंघाल के अलावा सतीश कुमार (91 किग्रा से अधिक) शनिवार को चोट के कारण जर्मनी में चल रहे कोलोन मुक्केबाजी विश्व कप के फाइनल में नहीं उतर सके जिससे उन्हें रजत पदक से संतोष करना पड़ा। राष्ट्रमंडल खेलों के रजत पदक विजेता सतीश कुमार ने सेमीफाइनल में फ्रांस के जामिली डिनी मोइनडेज को हराकर फाइनल में जगह बनाई थी। लेकिन उन्हें चोट के कारण जर्मनी के नेल्वी टियाफैक के खिलाफ फाइनल मुकाबले से हटना पड़ा।
महिला वर्ग में साक्षी और मनीषा (57 किग्रा) फाइनल में पहुंच गई हैं। खिताबी मुकाबले में अब ये दोनों मुक्केबाज आमने-सामने होंगी। मनीषा ने विश्व चैंपियनशिप में दो बार की पदक विजेता हमवतन सोनिया लाठेर को 5-0 से जबकि साक्षी ने जर्मनी रमोना ग्राफ को 4-1 से हराया।
एशियाई खेलों की कांस्य पदक विजेता पूजा राय हालांकि नीदरलैंड की नोचका फोंटजिन से हार गईं। पुरुषों के 57 किग्रा में मोहम्मद हसमुद्दीन और गौरव सोलंकी को भी कांस्य पदक से संतोष करना पड़ा। हसमुद्दीन को स्थानीय मुक्केबाज हमसत शादालोव ने जबकि सोलंकी को फ्रांस के सैमुअल क्रिस्टोहरी ने हराया।