एशियाई चैंपियनशिप: बजरंग ने जीता गोल्ड, प्रवीण को सिल्वर मेडल से करना पड़ा संतोष
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विश्व में नंबर एक बजरंग पूनिया ने मंगलवार को गोल्ड मेडल मुकाबले में लगातार दस अंक बनाकर एशियाई कुश्ती चैंपियनशिप का अपना खिताब बरकरार रखा जबकि प्रवीण राणा को रजत पदक से ही संतोष करना पड़ा। भारत ने पहले दिन कुल तीन पदक जीते।
बजरंग ने पुरुषों के 65 किग्रा फ्रीस्टाइल फाइनल में कजाखस्तान के सयातबेक ओकासोव को 12-7 से हराकर सोने का तमगा जीता। कॉमनवेल्थ और एशियन गेम्स के चैंपियन बजरंग एक समय 2-7 से पीछे चल रहे थे। तब केवल 60 सेकंड का मुकाबला बचा था लेकिन इस भारतीय ने तीन बार धारंदाज तकनीक (प्रतिद्वंद्वी को पीछे से पकड़कर पटकना) और एक अन्य तकनीक से अंक बनाकर अपनी जीत सुनिश्चित की।
कजाख का पहलवान काफी थका हुआ नजर आ रहा था जबकि बजरंग ने दबाव में भी अच्छा दमखम और बुद्धिमत्ता का परिचय दिया। बजरंग का इस चैंपियनशिप में यह दूसरा गोल्ड मेडल है।
इससे पहले उन्होंने 2017 में भी खिताब जीता था। इस टूर्नमेंट में यह कुल मिलाकर उनका पांचवां मेडल है। इस प्रदर्शन से बजरंग ने फिर से अपने प्रतिद्वंद्वियों तक संदेश भिजवा दिया है कि वह 2020 तोक्यो ओलिंपिक में पदक के प्रबल दावेदार हैं।
बजरंग के गुरु और ओलिंपिक मेडलिस्ट पहलवान योगेश्वर दत्त ने भी उम्मीद व्यक्त की कि उनका शिष्य तोक्यो में पदक जीतने में सफल रहेगा। योगेश्वर ने बजरंग की जीत के तुरंत बाद ट्वीट किया, 'एशियाई चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीतने पर आपको ढेरों शुभकामनायें बजरंग बेटा। 2017 के बाद ये आपका दूसरा स्वर्ण है। हम सब को गर्व है आप पर, इसी तरह आगे बढ़ते रहें और #टोक्यो2020 में भी देश का ध्वज ऊंचा करें।'
#AsianChampionship2019 में स्वर्ण पदक जीतने पर आपको ढेरों शुभकामनायें बजरंग बेटा। 2017 के बाद ये आपका दूसरा स्वर्ण है। हम सब को गर्व है आप पर, इसी तरह आगे बढ़ते रहें और #Tokyo2020 में भी देश का ध्वज ऊंचा करें। @BajrangPunia pic.twitter.com/NedfFG34iN
— Yogeshwar Dutt (@DuttYogi) April 23, 2019
बजरंग ने फाइनल में जगह बनाने तक केवल एक अंक गंवाया था। उन्होंने सेमीफाइनल में उजबेकिस्तान के सिरोजिदिन खासानोव को 12-1 से हराया था। इससे पहले उन्होंने ईरान के पेमैन बियाबानी और श्री लंका के चार्ल्स फर्न को शिकस्त दी थी।
प्रवीण राणा ने पिछले सात वर्षों में अपना सबसे बड़ा पदक जीता हालांकि वह सोने का तमगा जीतने में नाकाम रहे। इस चैंपियनशिप में 2012 में कांस्य पदक जीतने वाले प्रवीण 79 किग्रा भार वर्ग के स्वर्ण पदक के मैच में 2017 विश्व चैंपियनशिप के कांस्य पदक विजेता ईरानी पहलवान बहमान मोहम्मद तैमूरी से 0-3 से हार गये। राणा ने सेमीफाइनल में कजाखस्तान के जी उसेरबायेव को 3 . 2 से हराया था। उन्होंने इससे पहले जापान के यूता एबे और मंगोलिया के टग्स अर्डेन डी को पराजित किया था।
सत्यव्रत कादियान ने भी 97 किग्रा भार वर्ग के क्वार्टर फाइनल में बतजुल उलजिसाइखान से हार गये थे लेकिन मंगोलिया के इस पहलवान के फाइनल में पहुंचने से उनकी पदक की उम्मीद बन गयी। कादियान ने कांस्य पदक के प्लेआफ में चीन के हाओबिन गाओ को 8-1 से हराकर भारत को दिन का तीसरा पदक दिलाया। इस बीच रवि कुमार 57 किग्रा भार वर्ग के कांस्य पदक के प्लेऑफ में पहुंच गए। उन्होंने रेपाशेज में ताइपै के चिया सो लियू को हराया। अब वह जापान के युकी ताकाहाशी से खेलेंगे । रजनीश को हालांकि 70 किग्रा में हारकर बाहर हो गए।