{"_id":"5f49aef260d46007d050f10b","slug":"a-day-before-dronacharya-honours-purushotham-rai-passes-away","type":"story","status":"publish","title_hn":"द्रोणाचार्य पुरस्कार मिलने से एक दिन पहले दिल का दौरा पड़ने से एथलेटिक्स कोच का निधन ","category":{"title":"Other Sports","title_hn":"अन्य खेल","slug":"other-sports"}}
द्रोणाचार्य पुरस्कार मिलने से एक दिन पहले दिल का दौरा पड़ने से एथलेटिक्स कोच का निधन
Sat, 29 Aug 2020 07:39 AM IST
Rohit Ojha
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला
Published by: Rohit Ojha
Updated Sat, 29 Aug 2020 07:39 AM IST
विज्ञापन
विश्व एथलेटिक्स
- फोटो : social media
एथलेटिक्स प्रशिक्षक पुरुषोत्तम राय को शनिवार को प्रतिष्ठित लाइफटाइम द्रोणाचार्य अवॉर्ड से सम्मानित किया जाना था, लेकिन एक दिन पहले शुक्रवार को उनका दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया। वह 79 साल के थे। एथलेटिक्स संघ के एक सूत्र ने जानकारी दी कि उन्होंने राष्ट्रीय खेल पुरस्कारों के लिए रिहर्सल में भी हिस्सा लिया था लेकिन बाद में उन्हें दिल का दौरा पड़ा और उनका निधन हो गया।
विज्ञापन
वर्चुअली आयोजित हो रहे राष्ट्रीय खेल दिवस समारोह में शनिवार को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के हाथों उन्हें पुरस्कार मिलना था। राय ने ओलंपियन धाविका वंदना राव, हेप्टाथलीट प्रमीला अयप्पा, अश्विनी नाचप्पा, मुरली कुट्टन, एमके आशा, एबी श्याला, रोजा कुट्टी और जी जी प्रमिला को प्रशिक्षण दिया था।
विज्ञापन
खेल को समर्पित था जीवन
एथलेटिक्स महासंघ के अध्यक्ष आदिल सुमरिवाला ने कहा कि यह बेहद दुखद घटना है। उनका भारतीय एथलेटिक्स में बड़ा योगदान है। उन्होंने अपना जीवन खेल को समर्पित कर दिया था। हम शोक जाहिर करते हैं। उनके परिवार के प्रति हमारी संवेदनाएं हैं। उन्होंने 1974 में नेताजी इंस्टीट्यूट ऑफ स्पोर्ट्स से डिप्लोमा किया था।
विज्ञापन
बेहतरीन कोच थे : अंजू बॉबी जॉर्ज
पूर्व दिग्गज लांग जंपर अंजू बॉबी जॉर्ज ने कहा कि वह बहुत अच्छे कोच थे जिन्होंने कई ओलंपियनों को तैयार किया। यह कितना दुखद है कि उनका पुरस्कार समारोह से एक दिन पहले निधन हो गया। पुरुषोत्तम राय 1987 विश्व चैंपियनशिप, 1988 एशियाई ट्रैक एंड फील्ड और 1999 सैफ गेम्स में भी भारतीय टीम के कोच रहे।
खेलमंत्री रिजिजू ने द्रोणाचार्य पुरस्कार विजेता एथलेटिक्स कोच राय के निधन पर शोक जताया
केंद्रीय खेलमंत्री किरेन रिजिजू ने अनुभवी एथलेटिक्स कोच पुरूषोत्तम राय के निधन पर शोक जताया, जिन्हें शनिवार को आजीवन योगदान के लिए द्रोणाचार्य पुरस्कार मिलना था। राय को शनिवार को यह सम्मान मिलना था और उन्होंने वर्चुअल समारोह के ड्रेस रिहर्सल में भी भाग लिया था। उनका शुक्रवार की रात दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया। वह 79 वर्ष के थे।
रिजिजू ने ट्वीट किया ,‘भारत ने शुक्रवार को अनुभवी एथलेटिक्स कोच श्री पुरूषोत्तम राय को खो दिया। उन्हें आज राष्ट्रीय खेल पुरस्कारों के वर्चुअल समारोह में द्रोणाचार्य (लाइफटाइम) पुरस्कार दिया जाना था। उनके योगदान को हमेशा याद रखा जाएगा ।’