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चाणक्य नीति: इन बातों का रखेंगे ख्याल तो नहीं होगी धन की कमी
Tue, 28 Apr 2020 05:02 PM IST
योगेश जोशी
धर्म डेस्क, अमर उजाला
धर्म डेस्क, अमर उजाला
Published by: योगेश जोशी
Updated Tue, 28 Apr 2020 05:02 PM IST
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बेहतर जीवनशैली के लिए धन की आवश्यकता होती है। धन को लेकर आचार्य चाणक्य ने कुछ बातों का उल्लेख अपनी चाणक्य नीति में किया है। अगर इन बातों को व्यक्ति अपने जीवन में अपना ले तो कभी भी धन की कमी नहीं रहेगी। आइए, आज जानते हैं आचार्य चाणक्य ने धन को लेकर क्या कहा है.....
धन की बर्बादी नहीं करनी चाहिए
- व्यक्ति को धन की बर्बादी से बचना चाहिए। आर्चाय चाणक्य की नीतियों के अनुसार धन का संरक्षण करना बहुत आवश्यक होता है। संरक्षण किया हुआ धन बुरे वक्त में काम आता है। जो व्यक्ति धन का संरक्षण करना जानते हैं, उन्हें बुरे समय में दिक्कतों का सामना नहीं करना पड़ता है।
ईमानदारी से कमाया धन काम आता है
- व्यक्ति को हमेशा ईमानदारी से धन कमाना चाहिए। आर्चाय चाणक्य की नीतियों के अनुसार धन कमाने के चक्कर में कभी भी गलत राह में नहीं चलना चाहिए। गलत तरीकों से कमाया हुआ धन किसी भी काम नहीं आता है। ईमानदारी से कमाए हुए धन में बरकत होती है। आचार्य चाणक्य की नीतियों में इस बात का उल्लेख है कि ईमानदारी से कमाई करने वाले के जीवन में मुसीबत नहीं आती है।
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धन के लिए लालच न करें
- व्यक्ति को धन के लिए लालच नहीं करना चाहिए। आर्चाय चाणक्य की नीतियों के अनुसार धन- दौलत से जीवन में संतुलन बनता है। उतना धन हमारे लिए आवश्यक है, जितने में हमारी सभी जरूरतें पूरी हो जाएं। लालच करने से कोई फायदा नहीं होता है। अधिक लालच के चक्कर में जो हमारे पास जो धन होता है, हम उसका भी सही उपयोग नहीं कर पाते हैं।
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सोच-समझकर करें धन खर्च
- व्यक्ति को सोच-समझकर धन का खर्च करना चाहिए। आर्चाय चाणक्य की नीतियों के अनुसार धन का खर्च आवश्यकता के अनुसार ही होना चाहिए। सोच-समझकर धन का खर्च करने में ही समझदारी है। भोग विलासता में धन खर्च नहीं करना चाहिए।