स्मार्ट बेटी: राम मुनेश्वर ने बिना भेदभाव हर बच्चे को अच्छी शिक्षा दी
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श्रावस्ती के शाहपुर बरगदवा गांव के राम मुनेश्वर की एक बेटी बीएसी करके एएनएम का कोर्स कर रही है। इंटर पास करके आई बड़ी बहू सुशीला को भी उन्होंने एएनएम का कोर्स कराया और आज वह एक प्राइवेट अस्पताल में नर्स है। राम मुनेश्वर का दिमाग एकदम साफ है कि बेटियों को अच्छी पढ़ाई के साथ आत्मनिर्भर बनाने के फायदे ही फायदे हैं।
पढ़ी-लिखी बेटी पढ़े-लिखे घर में जायेगी और बोझ नहीं बनेगी, परिवार की उन्नति में मददगार होगी। किसानी कर अपने सब बच्चों को आगे बढ़ाने वाले राम मुनेश्वर के तीन बेटे हैं, बड़ा शिक्षा पूरी कर गुरुग्राम में नौकरी कर रहा है और छोटे दो पढ़ रहे हैं।
बेटी वंदना एएनएम का कोर्स कर रही है। इंटर पास राम मुनेश्वर ने शुरू से ही तय कर रखा था कि अपने सभी बेटे-बेटियों को बिना किसी भेदभाव के अच्छी शिक्षा दिलवायेंगे। आर्थिक हालात बहुत अच्छे न होने के बावजूद वे अपनी जिद पर कायम रहे। स्मार्ट बेटियां अभियान से जुड़ी इंटरनेट साथी मालती देवी ने यह वीडियो कथा बनाई है।
अमर उजाला फाउंडेशन, यूनिसेफ, फ्रेंड, फिया फाउंडेशन और जे.एम.सी. के साझा अभियान स्मार्ट बेटियां के तहत श्रावस्ती और बलरामपुर जिले की 150 किशोरियों-लड़कियों को अपने मोबाइल फोन से बाल विवाह के खिलाफ काम करने वालों की ऐसी ही सच्ची और प्रेरक कहानियां बनाने का संक्षिप्त प्रशिक्षण दिया गया है। इन स्मार्ट बेटियों की भेजी कहानियों को ही हम यहां आपके सामने पेश कर रहे हैं।