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मोदी के लिए नहीं की धूप की परवाह
अमर उजाला, पठानकोट
Updated Fri, 25 Apr 2014 10:33 PM IST
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भाजपा के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी को सुनने के लिए पठानकोट में लोगों ने तपती दोपहरी की भी चिंता नहीं की।
हर कोई मंच की ओर टकटकी लगाए था कि कब मोदी आएंगे और अपनी बात कहेंगे। हालांकि शुरूआत में पंडाल में भीड़ कम दिखाई दी लेकिन कार्यक्रम के अंत तक पंडाल के चारों तरफ बड़ी संख्या में लोग मोदी को सुनने के लिए जुटे रहे।
वहीं, भाजपा नेताओं का कहना है कि मोदी की रैली ने पार्टी में जान फूंक दी है। 30 अप्रैल को होने वाले मतदान तक इसका असर दिखाई देगा।
मोदी की प्रदेश में पांच में से पहली रैली पठानकोट में रखी गई थी। चुनावी मौसम में एक ही दिन मेें पांच जगह कार्यक्रम के कारण रैली का समय सुबह 11 बजे निर्धारित किया गया था।
मंच पर भाजपा के प्रदेश प्रधान कमल शर्मा, महासचिव राकेश राठौर, सह प्रभारी शाम जाजू समेत कई नेता उपस्थित थे। पंडाल के बीच बैठी भीड़ को बांधने के लिए भाजपा नेताओं ने स्थानीय विधायकों से संबोधन शुरू करवाया।
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इसके बाद पंडाल में विशाल जनसमूह उमड़ पड़ा। एक बजे तक पंडाल में लोगों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। मोदी के देरी से आने के बावजूद लोग उन्हें सुनने को धूप में बैठे रहे। मोदी और मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल दो बजे स्टेज पर पहुंचे। उनके स्टेज पर पहुंचते ही अबकी बार मोदी सरकार के नारे गूंजने शुरू हो गए।
स्थानीय नेताओं के लिए सजाया अलग से मंच
भाजपा के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी की पठानकोट रैली के दौरान सुरक्षा को देखते हुए मंच पर कम जगह मिलने से स्थानीय नेताओं की नाराजगी वाजिब थी।
भाजपा ने उसका हल निकालने के लिए मोदी के मंच के ठीक बाई तरफ एक छोटा मंच भी तैयार किया था। उस पर स्थानीय नेताओं को बैठाया गया था ताकि उनकी नाराजगी कम की जा सके।
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हर कोई मंच की ओर टकटकी लगाए था कि कब मोदी आएंगे और अपनी बात कहेंगे। हालांकि शुरूआत में पंडाल में भीड़ कम दिखाई दी लेकिन कार्यक्रम के अंत तक पंडाल के चारों तरफ बड़ी संख्या में लोग मोदी को सुनने के लिए जुटे रहे।
वहीं, भाजपा नेताओं का कहना है कि मोदी की रैली ने पार्टी में जान फूंक दी है। 30 अप्रैल को होने वाले मतदान तक इसका असर दिखाई देगा।
मोदी की प्रदेश में पांच में से पहली रैली पठानकोट में रखी गई थी। चुनावी मौसम में एक ही दिन मेें पांच जगह कार्यक्रम के कारण रैली का समय सुबह 11 बजे निर्धारित किया गया था।
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मंच पर भाजपा के प्रदेश प्रधान कमल शर्मा, महासचिव राकेश राठौर, सह प्रभारी शाम जाजू समेत कई नेता उपस्थित थे। पंडाल के बीच बैठी भीड़ को बांधने के लिए भाजपा नेताओं ने स्थानीय विधायकों से संबोधन शुरू करवाया।
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इसके बाद पंडाल में विशाल जनसमूह उमड़ पड़ा। एक बजे तक पंडाल में लोगों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। मोदी के देरी से आने के बावजूद लोग उन्हें सुनने को धूप में बैठे रहे। मोदी और मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल दो बजे स्टेज पर पहुंचे। उनके स्टेज पर पहुंचते ही अबकी बार मोदी सरकार के नारे गूंजने शुरू हो गए।
स्थानीय नेताओं के लिए सजाया अलग से मंच
भाजपा के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी की पठानकोट रैली के दौरान सुरक्षा को देखते हुए मंच पर कम जगह मिलने से स्थानीय नेताओं की नाराजगी वाजिब थी।
भाजपा ने उसका हल निकालने के लिए मोदी के मंच के ठीक बाई तरफ एक छोटा मंच भी तैयार किया था। उस पर स्थानीय नेताओं को बैठाया गया था ताकि उनकी नाराजगी कम की जा सके।