सजा सुनते ही उड़ा नकवी के चेहरे का रंग, ठंड में छूटे पसीने
रामपुर में कोर्ट परिसर का माहौल बुधवार को कुछ बदला-बदला नजर आया। बुधवार की दोपहर से ही यहां भाजपाइयों के जुटने का सिलसिला शुरू हो गया था। मौका था नकवी के केस के फैसले का। फैसला क्या होगा इसको जानने के लिए खुद केंद्रीय मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी समेत 19 आरोपी भी दोपहर बाद कोर्ट पहुंच गए।
सजा सुनते ही उड़ा नकवी के चेहरे का रंग, ठंड में छूटे पसीने
अपराह्न तीन बजे अपर सिविल जज सीनियर डिवीजन की कोर्ट में सभी आरोपी पेश हुए। इसके बाद जज मनीष कुमार ने कोर्ट का फैसला सुनाया। कोर्ट का फैसला सुनते ही नकवी समेत कोर्ट परिसर में मौजूद आरोपियों के चेहरे की रंगत उड़ गई। सभी हक्के-बक्के रह गए। नकवी समेत 19 लोगों को कोर्ट ने दोषी करार देते हुए एक-एक साल की कैद और चार-चार हजार रुपये जुर्माना अदा करने की सजा सुनाई।
सजा सुनते ही उड़ा नकवी के चेहरे का रंग, ठंड में छूटे पसीने
कोर्ट ने सभी को कस्टडी में लेने के आदेश कर दिए। कड़ाके की ठंड में कस्टडी में लिए गए सभी आरोपियों के पसीने छूटते हुए नजर आए। कटघरे में खड़े सभी आरोपियों के पसीने छूट गए साथ ही गला भी सूख गया। इस दौरान वह पानी पीते हुए नजर आए। नकवी भी कई दफा पानी पीते हुए नजर आए।
सजा सुनते ही उड़ा नकवी के चेहरे का रंग, ठंड में छूटे पसीने
फैसले की जानकारी कोर्ट के बाहर तक पहुंची तो भाजपाई भी सकते में आ गए। कोर्ट का फैसला आने के बाद शुरू हुई जमानत की कवायद। नकवी के अधिवक्ता जमानत के कागजातों को पूरा कराने में लग गए। करीब दो घंटे की कागजी कार्रवाई के बाद सेशन कोर्ट में अपील दायर होने तक जमानत पर रिहा होने के आदेश आने के बाद सभी के चेहरे खिल उठे।
सजा सुनते ही उड़ा नकवी के चेहरे का रंग, ठंड में छूटे पसीने
कोर्ट परिसर बुधवार को छावनी में तब्दील हो गया। नकवी के फैसले के साथ यूं तो सीआरपीएफ हमले के आरोपियों की भी पेशी थी। इसको देखते हुए सुबह से ही कोर्ट परिसर को छावनी में तब्दील किया गया था, लेकिन नकवी के फैसले को देखते हुए भी पुलिस के व्यापक इंतजाम किए गए थे। यहां पर सीओ सिटी आले हसन के साथ ही सिविल लाइंस इंसपेक्टर नरेश पाल सिंह और शहर कोतवाल हरीश चंद्र जोशी आदि मौजूद रहे।