शहीद की अंतिम विदाई पर छलकी आंखें, साथियों की मुट्ठियां भिंचीं
मुठभेड़ के दौरान पशु तस्करों की गोली से शहीद हुए सब इंस्पेक्टर मनोज मिश्रा को पुलिस लाइंस स्थित शहीद स्थल पर आखिरी सलामी दी गई। आईजी, डीएम, डीआईजी, एसएसपी समेत सभी साथी पुलिस कर्मियों ने दरोगा के पार्थिव शरीर पर पुष्प अर्पित कर उन्हें सलाम किया। सभी की आंखें नम थीं और चेहरों पर तनाव। तस्करों के दुस्साहस पर मुट्ठियां भिंचीं थीं। (अमर उजाला ब्यूरो, बरेली)
शहीद की अंतिम विदाई पर छलकी आंखें, साथियों की मुट्ठियां भिंचीं
फरीदपुर थाने के दरोगा मनोज मिश्रा बुधवार रात पदारथपुर के पास पशु तस्करों की गोली से शहीद हो गए थे। बृहस्पतिवार को सीएमओ डॉ.विजय यादव की अगुवाई में डॉक्टरों के पैनल ने पूर्वाह्न 11:35 पर दरोगा के शव का पोस्टमार्टम शुरू किया। दोपहर 1:05 बजे तक पोस्टमार्टम हुआ। इसके बाद शव पुलिस लाइंस स्थित शहीद स्थल ले जाया गया।
शहीद की अंतिम विदाई पर छलकी आंखें, साथियों की मुट्ठियां भिंचीं
आईजी विजय मीना, डीएम गौरव दयाल, डीआईजी आरकेएस राठौर, एसएसपी धर्मवीर सिंह, एसपी सिटी समीर सौरभ आदि ने दरोगा के पार्थिव शरीर पर पुष्प चक्र चढ़ाकर सलामी दी। इसके अलावा अन्य साथियों ने भी पुष्प अर्पित कर साथी जांबाज को आखिरी सलाम किया। इसके बाद गमगीन माहौल में दरोगा को अंतिम विदाई देते हुए उनका शव उनके गृहजनपद को भेज दिया। इस दौरान अफसरों की आंखें भी नम थीं।
शहीद की अंतिम विदाई पर छलकी आंखें, साथियों की मुट्ठियां भिंचीं
सलामी देने के बाद अफसर पुलिस लाइंस में ही मौजूद दरोगा के परिवार से मिले। दरोगा के पिता श्याम मुरारी अफसरों को देखकर फफक कर रोने लगे। ये देख अफसर भी भावुक हो गए। आईजी डीआईजी ने उन्हें अपने गले से लगा लिया। एसएसपी ने पूरा विभाग उनके साथ होने की बात कही।
शहीद की अंतिम विदाई पर छलकी आंखें, साथियों की मुट्ठियां भिंचीं
सुहाग उजड़ने के बाद बदहवास हुई दरोगा की पत्नी शशि मिश्रा ने बताया कि रात में उनकी मनोज से बात हुई थी। उन्होंने कहा कि वह दबिश में जा रहे हैं बाद में बात करेंगे। शशि ने बताया कि इस पर वह इंतजार ही करती रह गईं और फोन नहीं पहुंचा। इस पर वह बेचैन हो गईं और अनहोनी का खतरा सताने लगा।