फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

इन नेताओं की बदजुबानी पर कौन लगाएगा बैन?

Sat, 07 Mar 2015 02:14 PM IST
टीम डिजिटल/अमर उजाला, दिल्ली
टीम डिजिटल/अमर उजाला, दिल्ली Updated Sat, 07 Mar 2015 02:14 PM IST
विज्ञापन

इन नेताओं की बदजुबानी पर कौन लगाएगा बैन?

controversial statements of  politicians on women dressing and stalking.

निर्भयाकांड पर बीबीसी की ओर से बनी डॉक्यूमेंट्री पर तो सरकार ने बैन लगा दिया लेकिन हमारे नेता रेप और महिलाओं को लेकर अभद्र टिप्पणियां करते रहे हैं। इन नेताओं की जुबान पर कौन लगाम लगाएगा।


इन नेताओं की बदजुबानी पर कौन लगाएगा बैन?

controversial statements of  politicians on women dressing and stalking.

अप्रैल 2014 में एक चुनावी सभा में सपा प्रमुख मुलायम सिंह यादव ने महिलाओं से दुष्कर्म के मामले कहा था 'लोग रेप करने पर फांसी देने की बात करते हैं.. लड़के हैं, गलती हो जाती है।' उन्होंने कहा था कि वे ऐसे कानून को बदलेंगे।

इन नेताओं की बदजुबानी पर कौन लगाएगा बैन?

controversial statements of  politicians on women dressing and stalking.

मार्च 2013 में महिलाओं के छेड़छाड़ पर कानून बनाने के लिए संसद में हो रही चर्चा में शरद यादव ने कहा था 'हम में से कौन ऐसा है जिसने पीछा नहीं किया(लड़कियों का).. पहले कोई लड़की बात करने से मना करती है ..लगातार उससे बात करने की कोशिश करनी पड़ती है, और ऐसा मैंने खुद अनुभव किया है।'

विज्ञापन
विज्ञापन

इन नेताओं की बदजुबानी पर कौन लगाएगा बैन?

controversial statements of  politicians on women dressing and stalking.

‌हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने मुख्यमंत्री बनने से महिलाओं के पहनावे पर सवाल खड़ा किया था। खट्टर ने कहा था कि लड़कियां अगर मर्यादित कपड़े पहनें तो लड़के उनकी तरफ नहीं देखेंगे। खट्टर लड़कियों लिए ड्रेस कोड लागू करने की भी बात करते रहे हैं।

विज्ञापन

इन नेताओं की बदजुबानी पर कौन लगाएगा बैन?

controversial statements of  politicians on women dressing and stalking.

लोकसभा चुनावों के दौरान तृणमूल कांग्रेस के सांसद तापस पॉल ने विरोधी पार्टी के समर्थकों धमकी देते हुए कहा था कि वे लोगों के घर में अपने गुंडों को भेजकर उनकी महिलाओं का बलात्कार करा देंगे।

अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed