डॉ. परवेश मलिक
फिजिशियन, उजाला सिग्नस हॉस्पिटल
डिग्री- एम.बी.बी.एस, एमडी (जनरल मेडिसिन)
Medically Reviewed by Dr. Parvesh Malik
अगर आपके घर में कोई बुजुर्ग हैं तो आपने उनको कई बार ये बोलते सुना होगा कि कान मत खुजाओ, बीमारी का संकेत है ये। छोटे बच्चों के बारे में तो कहा ही जाता है कि बच्चा कान खुजा रहा है और थोड़ी चिड़चिड़ाहट दिखा रहा है तो मतलब वो बीमार होने वाला है। 70 के दशक की संजीव कुमार, शर्मिला टैगोर अभिनीत फ़िल्म 'मौसम' अगर आपने देखी होगी तो उसका वो सीन आपको याद होगा जहां हीरो के कान में खुजली करने पर हीरोइन तुरन्त टोकते हुए कहती है-'ऐसे मत कीजिये, जहरबाद हो जाएगा।' ये तो हुए फिल्मी अफसाने और दादी-नानी के जमाने के अंदाजे। लेकिन असल में कान की खुजली वाकई किसी समस्या का संकेत हो सकती है। यह खुजली उस आदत से अलग है जो आपने कई लोगों में देखी होगी। चाबी से लेकर सेफ्टीपिन और उंगली का का इस्तेमाल लोग कान की इस खुजली को मिटाने के लिए करते हैं और कब यह आदत में बदल जाती है पता नहीं चलता। कान में खुजली की कई वजहें हो सकती हैं। इनमें से कुछ बिल्कुल मामूली होती हैं जबकि कुछ के लिए इलाज की जरूरत भी पड़ सकती है। इसलिए इस खुजली को नजरअंदाज न करें। जानिए कब पड़ती है डॉक्टर से सलाह लेने की जरूरत।
2 of 6
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : iStock
सबसे अधिक गौर करने वाली बात यह है कि कान में जमा मैल को निकालने की कोशिश ही गलत है। पिछले कुछ सालों से विशेषज्ञ लगातार इस बात को लेकर आगाह कर रहे हैं कि कान में जमा वैक्स (मैल) को कुरेदने या निकालने के लिए की जाने वाली प्रक्रिया बिल्कुल गैरजरूरी है, जब तक कि सही में इसकी जरूरत न पड़े। बल्कि इससे उल्टा कान को गम्भीर नुकसान पहुंच सकता है। कान की अंदरूनी संरचना बहुत जटिल होती है और कानों में जमा वैक्स इस संरचना में बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। यह कान की अंदरूनी बचाव परत जैसा होता है। इससे छेड़छाड़ करना मतलब कई बार उस परत को नुकसान पहुंचाने जैसा हो सकता है। यह परत असल में बाहर से आने वाली किसी भी नुकसानदेह चीज को कान के अंदर आने से रोकती है। गलत तरीके से कान को खुजाने पर कान के अंदर चोट लगने का डर तो होता ही है, इससे इयरवैक्स की परत अंदर की तरफ धंस सकती है और कान के भीतरी हिस्सों को नुकसान पहुंचा सकती है। इससे सुनाई देना भी कम हो सकता है। कान में लगातार होने वाली खुजली के पीछे बैक्टीरिया या वायरस की वजह से होने वाले इंफेक्शन, कानों में अंदर से रूखापन आ जाने, किसी प्रकार की फ़ूड एलर्जी, इयरवैक्स के ब्लॉकेज के कारण, हियरिंग एड की वजह से या फिर स्वीमर्स इयर यानी सामान्य भाषा मे कान में पानी चले जाने जैसी कोई वजह हो सकती है। इसलिए जरूरी है कि कान में लगातार होने वाली खुजली पर ध्यान दिया जाए।
3 of 6
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : istock
अगर लगातार कान में खुजली हो, तो इन बातों का ध्यान रखें:-
* सबसे पहले तो खुजली हो या न हो, बेवजह कानों में कोई भी बाहरी चीज डालने से बचें। डॉक्टर्स मानते हैं कि ईयरवैक्स को भी ज्यादा साफ करने की जरूरत नहीं है। बार बार कान साफ करने से यह वैक्स कान के ज्यादा अंदर जा सकता है और तकलीफ दे सकता है।
* जब भी कान साफ करना हो, ईयरबड्स का ही इस्तेमाल करें या किसी विशेषज्ञ से यह काम करवाएं। ईयरबड्स को कानों के अंदरूनी हिस्से में न ले जाएं क्योंकि यह हिस्सा थोड़े से भी गलत अंदाजे से चोटिल हो सकता है और आपके सुनने की क्षमता को नुकसान पहुंच सकता है।
4 of 6
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : Pexels.com
* अगर खुजली तीन दिन तक लगातार बनी हुई है तो डॉक्टर की सलाह जरूर लें।
* कानों की सफाई के लिए आप डॉक्टर की सलाह से किसी ईयरड्रॉप का उपयोग कर सकते हैं।
* खुजली अगर थोड़ी देर होकर बन्द हो गई हो अथवा इसके कारण आपको ज्यादा परेशानी नहीं हो रही हो तो बजाय कान कुरेदने के इसे नजरअंदाज करें। कई बार कान में इयरवैक्स की सुरक्षा परत ठीक न होने पर भी खुजली हो सकती है।
* यह खुजली कान के भीतर गई ठंडी हवा, मौसम के बदलने या कान में पानी जाने से भी हो सकती है। इसलिये ठंड के मौसम में कानों को गरम कपड़े से ढंककर रखें और बारिश में भीगते समय या स्वीमिंग करते, झरने आदि में नहाते समय भी कानों को कवर करें। खासकर छोटे बच्चों के मामले में इस बात का ध्यान रखें।
5 of 6
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : istock
* कई बार शैम्पू और कंडीशनर, हेयर स्प्रे आदि जैसे पदार्थों से एलर्जी भी कान की खुजली का कारण हो सकती है। कुछ दिन के लिए कॉस्मेटिक्स का उपयोग बन्द करके देखें। अगर इससे खुजली में राहत मिलती है तो आगे से उन चीजों का उपयोग बन्द करके डॉक्टर की सलाह से कोई विकल्प चुनें।
* इसी तरह किसी मैटल की ज्वेलरी या अन्य साधन से एलर्जी से भी खुजली की समस्या हो सकती है। इन साधनों से दूरी बनाकर भी समस्या से बचा जा सकता है।
* बिना पर्याप्त साफ-सफाई और गलत तरीके से पहनने से हियरिंग एड्स भी खुजली पैदा कर सकते हैं। इसलिए इनका उपयोग करने से पहले इनके रखरखाव, साफ-सफाई और पहनने के तरीकों के बारे में अच्छी तरह जानें।