{"_id":"5cb5c964bdec22146a72e7fb","slug":"constable-result-2018-up-challenged-in-allahabad-high-court","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"41520 पदों पर सिपाहियों की भर्ती को लेकर जारी परिणाम को हाईकोर्ट में चुनौती","category":{"title":"Campus","title_hn":"कैंपस ","slug":"campus"}}
41520 पदों पर सिपाहियों की भर्ती को लेकर जारी परिणाम को हाईकोर्ट में चुनौती
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
Published by: पूजा त्रिपाठी
Updated Tue, 16 Apr 2019 05:54 PM IST
विज्ञापन
1 of 5
Allahabad High Court
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
Link Copied
नागरिक पुलिस और पीएसी में 41520 पदों पर आरक्षियों की भर्ती को लेकर जारी परिणाम को हाईकोर्ट में चुनौती दी गई है। याचिका दाखिल कर कहा गया है कि पुलिस भर्ती बोर्ड ने चयन में मनमानी की है और नियमों के विपरीत जाकर चयन किया है। दीक्षा देवी और अन्य की याचिकाओं पर सुनवाई कर रहे न्यायमूर्ति सुनीत कुमार ने पुलिस भर्ती बोर्ड से इस मामले में जवाब मांगा है।
2 of 5
फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
याचीगण का कहना है कि 41520 पदों पर भर्ती के लिए जारी विज्ञापन के तहत याचीगण ने आवेदन किया था। लिखित परीक्षा और मेडिकल टेस्ट तथा दस्तावेज सत्यापन आदि प्रक्रिया में वह सफल हुए, मगर 18 फरवरी 2019 को परिणाम घोषित किया गया तो उनका नाम चयन सूची में नहीं था। उनसे कम अंक पाने वाले अभ्यर्थियों का चयन कर लिया गया।
3 of 5
सिपाही भर्ती के लिए दौड़ लगाते पुरुष अभ्यर्थी
- फोटो : अमर उजाला
भर्ती बोर्ड ने गलत तरीके से नार्मलाइजेशन की प्रक्रिया अपनाई, जिससे याचीगण चयन से बाहर हो गए। मांग की गई है कि चयन परिणाम रद्द कर नए सिरे से जारी किया जाए और याचीगण को फिटनेस टेस्ट आदि के लिए बुलाया जाए। याचिका पर कोर्ट ने पुलिस भर्ती बोर्ड और अन्य पक्षकारों से चार सप्ताह में जवाब मांगा है। चयन परिणाम याचिका के निर्णय के अधीन होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
4 of 5
इलाहाबाद हाईकोर्ट
कांस्टेबल पद पर चयनित का मेडिकल कराने का आदेश: हाईकोर्ट ने पुलिस कांस्टेबल पद पर चयनित अभ्यर्थी कानपुर नगर के भालचंद्र की मेडिकल परीक्षा कराने का आदेश दिया है। कोर्ट ने अपर सचिव पुलिस भर्ती बोर्ड से कहा है कि याची का टेस्ट किस दिन कराया जाएगा इसकी उसे पूर्व में सूचना दी जाए।
विज्ञापन
5 of 5
इलाहाबाद हाईकोर्ट
दीक्षा देवी और पांच अन्य की याचिका पर न्यायमूर्ति सुनीत कुमार सुनवाई कर रहे हैं। याची के अधिवक्ता रितेश श्रीवास्तव का कहना था कि याचीगण में से एक भालचंद्र ने लिखित परीक्षा पास कर ली है मगर उसे दस्तावेज सत्यापन और मेडिकल टेस्ट के लिए नहीं बुलाया गया। कोर्ट ने अपर सचिव को निर्देश दिया है कि याची का मेडिकल कराया जाए।
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।