आधार कार्ड प्रत्येक भारतीय नागरिक के लिए महत्वपूर्ण दस्तावेज है। यह केवल एक दस्तावेज ही नहीं है, बल्कि पहचान पत्र है। किसी भी वित्तीय लेनदेन और सरकारी योजनाओं का लाभ उठाने के लिए आधार बेहद जरूरी है। अब नया आधार कार्ड बनवाने की प्रक्रिया और आसान हो गई है। आधार कार्ड बनवाने के लिए लोगों को भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) ने राहत दी है। यूआईडीएआई ने आधार बनवाने के लिए दस्तावेजों की बाध्यता खत्म कर दी है।
UIDAI ने शुरू की नई सुविधा, अब बिना किसी दस्तावेज के भी बनवा सकते हैं आधार कार्ड
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कई बार आधार के बिना जरूरी काम रूक जाते हैं। आधार कार्ड बनवाने के लिए पहचान पत्र और एड्रेस फ्रूफ जैसे दस्तावेजों की जरूरत होती थी। लेकिन अब बिना किसी दस्तावेज के भी आधार कार्ड बन सकता है। आप आधार केंद्र पर मौजूद इंट्रोड्यूसर की मदद ले सकते हैं।
आइए जानते हैं आप कैसे बिना किसी दस्तावेज के आधार कार्ड बनवा सकते हैं।
भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण ने बिना दस्तावेजों के आधार बनवाने की सुविधा दी है। इंट्रोड्यूसर वह व्यक्ति होता है जिसे रजिस्ट्रार के द्वारा वहां के ऐसे निवासियों को सत्यापित करने के लिए अधिकृत किया जाता है, जिनके पास PoI या PoA नहीं है। प्रक्रिया के तहत इंट्रोड्यूसर के पास आधार कार्ड होना जरूरी है। साथ ही किसी आवेदक के साथ उसका पंजीकरण सेंटर पर मौजूद रहना भी आवश्यक है।
यह भी पढ़ें: वेतन में शामिल इन 10 विकल्पों पर बचा सकते हैं टैक्स, कर का बोझ घटने से होगा टेकहोम सैलरी में इजाफा
इंट्रोड्यूसर के लिए आवेदक की पहचान और अड्रेस कंफर्म करना जरूरी है। उन्हें एनरोलमेंट फॉर्म पर इसके लिए हस्ताक्षर करना होता है। UIDAI की ओर से जारी सर्कुलर के अनुसार, इंट्रोड्यूसर के लिए आवदेक के नाम सर्टिफिकेट जारी करना होता है। इसकी वैलिडिटी तीन महीने होती है।
यह भी पढ़ें: सस्ते में गैस सिलिंडर खरीदने के लिए घर बैठे करें ये काम, सीधे बैंक खाते में आएंगे पैसे
इस तरह भी बनवा सकते हैं आधार
इसके अतिरिक्त अगर आपका नाम परिवार के किसी दस्तावेज जैसे राशन कार्ड में है, तो भी आप बिना पहचान पत्र और एड्रेस प्रूफ के आधार कार्ड बनवाने के लिए अप्लाई कर सकते हैं। अगर आप इस तरह से आधार बनवाते हैं, तो आपको ध्यान रखना होगा कि पहले परिवार के मुखिया का PoI और PoA डॉक्युमेंट्स के जरिए आधार बना हो। इसके बाद परिवार का मुखिया परिवार के दूसरे सदस्यों का इंट्रोड्यूसर बन सकता है।