फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

देश में एकलौती ऐसी जगह, जहां तोप के धमाके से खुलता है रोजा, यकीन करेंगे आप..?

Tue, 04 Jun 2019 01:55 PM IST
फीचर डेस्क, अमर उजाला
फीचर डेस्क, अमर उजाला Updated Tue, 04 Jun 2019 01:55 PM IST
विज्ञापन
Eid 2018 know about special trend of iftar and sehri in mp
special trend in mp
रमजान में जिस बेसब्री से ईद का इंतजार किया जाता है वो वक्त अब करीब है। इस मौके पर आज हम आपके लिए लेकर आए हैं एक खास खबर जिसके बारे में आपको शायद ही जानकारी होगी। दरअसल आज हम आपको ऐसी जगह के बारे में बताने जा रहे हैं जहां तोप के धमाके के साथ रोजा खुलता है।   
Eid 2018 know about special trend of iftar and sehri in mp
special trend in mp
जी हां, मध्यप्रदेश का रायसेन जिला में रमजान के दौरान आज भी यह अनूठी परंपरा निभाई जाती है। यहां आज भी रमजान में इफ्तार और सेहरी तोप के गोले की गूंज से शुरू और खत्म होती हैं। रायसेन से 45 किलोमीटर दूर भोपाल और सीहोर में भी पहले रमजान में तोप चलाई जाती थी, लेकिन बाकी दोनों शहरों में वक्त के साथ यह परंपरा खत्म हो गई।
Eid 2018 know about special trend of iftar and sehri in mp
special trend in mp
पहले तोप बड़ी हुआ करती थी लेकिन अब छोटी तोप चलाई जाती है। वह बताते हैं, पहले बड़ी तोप का इस्तेमाल होता था लेकिन किले को नुकसान न पहुंचे इसलिए अब इसे दूसरी जगह से चलाया जाता है। इस परंपरा की शुरुआत भोपाल की बेगमों ने 18वीं सदी में की थी। उस वक्त आर्मी की तोप से गोला दागा जाता था। शहर काजी इसकी देखरेख करते थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
Eid 2018 know about special trend of iftar and sehri in mp
special trend in mp
आज रायसेन में रमजान के दौरान चलने वाली तोप के लिए बकायदा लाइसेंस जारी किया जाता है। कलेक्टर तोप और बारूद का लाइसेंस एक माह के लिए जारी करते हैं। इसे चलाने का एक माह का खर्च करीब 40,000 रुपए आता है। इसमें से तकरीबन 5000 हजार रुपए नगर निगम देता है। बाकी लोगों से चंदा कर इकट्ठा किया जाता है।
विज्ञापन
Eid 2018 know about special trend of iftar and sehri in mp
special trend in mp
तोप को रोज एक माह तक चलाने की जिम्मेदारी सखावत उल्लाह की है। वे रोजा इफ्तार और सेहरी खत्म होने से आधा घंटे पहले उस पहाड में पहुंच जाते हैं, जहां तोप रखी है और उसमें बारूद भरने का काम करते हैं। सखावत उल्लाह को नीचे मस्जिद से जैसे ही इशारा मिलता है कि इफ्तार का वक्त हो गया, वैसे ही वह गोला दाग देते हैं।
अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all Bizarre News in Hindi related to Weird News - Bizarre, Strange Stories, Odd and funny stories in Hindi etc. Stay updated with us for all breaking news from Bizarre and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed