Surya Grahan 2023: इन राशियों के लिए शुभ है साल का पहला सूर्य ग्रहण, हर काम में मिलेगी सफलता
सूर्य ग्रहण का सूतक काल
सूर्य ग्रहण का सूतक काल 12 घंटे पहले से ही लग जाता है। शास्त्रों के अनुसार जहां सूर्य ग्रहण नहीं लगता है वहां इसका महत्व भी नहीं होता है। ऐसे में भारत में इसके सूतक काल का भी कोई महत्व नहीं है।
सूतक काल में क्या करें और क्या नहीं
- सूर्य ग्रहण का सूतक काल भारत में मान्य नहीं होगा, फिर भी एहतियात के तौर पर नियमों का पालन करना जरूरी होता है।
- सूतक काल के दौरान आप अपने इष्ट देव के नाम का जाप कर सकते हैं।
- सूतक काल में गर्भवती महिलाओं को नुकीली वस्तुओं जैसे सुई, कैंची, चाकू आदि का उपयोग किसी काम में नहीं करना चाहिए।
- सूतक काल के समय में सोना नहीं चाहिए।
- गर्भवती महिलाओं को सूर्य ग्रहण के दौरान घर से बाहर भी नहीं निकलना चाहिए।
कहां दिखाई देगा सूर्य ग्रहण?
साल 2023 का पहला सूर्य ग्रहण कंबोडिया, चीन, अमेरिका, माइक्रोनेशिया, मलेशिया, फिजी, जापान, समोआ, सोलोमन, बरूनी, सिंगापुर, थाईलैंड, अंटार्कटिका, ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड, वियतनाम, ताइवान, पापुआ न्यू गिनी, इंडोनेशिया, फिलीपींस, दक्षिण हिंद महासागर और दक्षिण प्रशांत महासागर जैसी जगहों पर दिखाई देगा।
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