अब इन 10 राज्यपालों की होगी छुट्टी!
केंद्र में सरकार बदलने के बाद अब संप्रग सरकार के समय नियुक्त किए गए राज्यपालों का भाग्य भी अधर में लटक गया है। कर्नाटक के राज्यपाल एचआर भारद्वाज, पंजाब के शिवराज पाटिल सहित दस से अधिक राज्यपालों से पद छोड़ने का निवेदन किया जा सकता है।
आधिकारिक सूत्रों ने कहा कि नरेंद्र मोदी सरकार के शपथ ग्रहण करने के बाद राज्यपालों में भारी फेरबदल की कोई संभावना नहीं है। लेकिन कुछ राज्यपालों से पद छोड़ने का निवेदन किया जा सकता है। ताकि उनके पदों पर नई नियुक्तियां की जा सके।
अधिकारी ने कहा कि सामान्यतया जब भी कोई नई सरकार आती है तो वह कुछ राज्यपालों को इस्तीफे के लिए कह सकती है। ऐसे राज्यपाल जो उसकी कार्य योजना से मेल नहीं खाते हैं, उन्हें सरकार संवैधानिक पद छोड़ने के लिए कह सकती है।
समाप्ति पर कुछ राज्यपालों का कार्यकाल
उल्लेखनीय है कि हरियाणा के राज्यपाल जगन्नाथ पहाड़िया, त्रिपुरा के राज्यपाल देवेंद्र कोंवाड़ और राजस्थान की राज्यपाल मारग्रेट अल्वा का आगामी तीन चार माह में पांच वर्ष का कार्यकाल पूरा हो जाएगा। कर्नाटक के राज्यपाल भारद्वाज के राज्य की पूर्व भाजपा सरकार के साथ तल्ख संबंध जग जाहिर हैं।
अल्वा के बारे में माना जाता है कि उनके मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे से मधुर संबंध हैं। इसके अलावा आगामी छह से आठ माह में कार्यकाल पूरा करने वालों में गुजरात की राज्यपाल कमला बेनीवाल, पश्चिम बंगाल के राज्यपाल एमके नारायणन, असम के राज्यपाल जेबी पटनायक, पंजाब के राज्यपाल शिवराज पाटिल और हिमाचल प्रदेश की राज्यपाल उर्मिला सिंह शामिल हैं।
लोकायुक्त की नियुक्ति को लेकर बेनीवाल के भी गुजरात की तत्कालीन मोदी सरकार के साथ संबंध तल्ख थे।