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अब फक्तू को रिहा करेगी PDP सरकार

Mon, 09 Mar 2015 04:10 PM IST
Updated Mon, 09 Mar 2015 04:10 PM IST
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mufti mohammad now trying to ensure release of ashiq hussain faktoo

कट्टर अलगाववादी नेता मसर्रत आलम की रिहाई पर हो रहे हंगामे के बावजूद जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री मुफ्ती मोहम्मद सईद ने एक और अलगाववादी नेता को रिहा करने की तैयारी कर ली है।

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केंद्र सरकार के सूत्रों का कहना है कि जम्मू-कश्मीर की सरकार आने वाले दिनों में अलगाववादी नेता आशिक हुसैन फक्तू को रिहा कर सकती है। फक्तू 22 साल से श्रीनगर जेल में बंद है। इकॉनमिक टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक फक्तू जम्मू-कश्मीर की जेलों में सबसे लंबे समय से बंद कैदियों में से एक है।
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मुफ्ती सरकार फक्तू की रिहाई के फैसले को अमल में लाती है, तो भाजपा की मुसीबत और बढ़ सकता है। मसर्रत रिहाई के बाद से भाजपा और पीडीपी के बीच तनातनी बनी हुई है। गौरतलब है कि पीडीपी और भाजपा ने हाल ही में जम्मू-कश्मीर में सरकार बनाई है।
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हालांकि सरकार के गठन के बाद से ही पीडीपी नेताओं और खुद मुख्यमंत्री मुफ्ती मोहम्मद सईद द्वारा कई ऐसे बयान दिए गए हैं, जिससे भाजपा को मुश्किल हुई।

भाजपा ने पीडीपी को दी चेतावनी

mufti mohammad now trying to ensure release of ashiq hussain faktoo

मसर्रत की रिहाई के मसले पर केंद्र सरकार ने जम्मू-कश्मीर सरकार से रिपोर्ट भी मांगी है। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने मुफ्ती मोहम्मद सईद की सरकार से पूछा है कि किन परिस्थितियों में मसर्रत को रिहा किया गया।

रिहाई पर उपजे सियासी हंगामे के बीच भाजपा ने रविवार को आपात बैठक कर पीडीपी पर न्यूनतम साझा कार्यक्रम की हद से बाहर जाकर फैसला लेने का आरोप लगाया। वहीं, पीडीपी ने कहा है कि मसर्रत की रिहाई न्यूनतम साझा कार्यक्रम का हिस्सा है।

सूत्रों के मुताबिक 2010 में घाटी में पथराव और हिंसा के मुख्य आरोपी मसर्रत के खिलाफ 15 मामले लंबित हैं। उस पर देश के खिलाफ जंग छेड़ने और गैरकानूनी गतिविधियों में शामिल होने जैसे गंभीर आरोप लगे हैं।

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