{"_id":"21b5a1d6-05a9-11e2-a185-d4ae52ba91ad","slug":"mamta-banerjee-relief-for-pranab-son","type":"story","status":"publish","title_hn":"राष्ट्रपति के बेटे के खिलाफ प्रत्याशी नहीं उतारेंगी दीदी","category":{"title":"India News Archives","title_hn":"इंडिया न्यूज़ आर्काइव","slug":"india-news-archives"}}
राष्ट्रपति के बेटे के खिलाफ प्रत्याशी नहीं उतारेंगी दीदी
जांगीपुर/एजेंसी
Updated Sun, 23 Sep 2012 11:34 PM IST
विज्ञापन
भले ही ममता बनर्जी ने कांग्रेस से नाता तोड़ लिया हो लेकिन जांगीपुर लोकसभा उपचुनाव में उनकी पार्टी ने कांग्रेस के उम्मीदवार अभिजीत मुखर्जी के खिलाफ प्रत्याशी नहीं उतारने का फैसला किया है। प्रणब मुखर्जी के राष्ट्रपति बनने के बाद से यह सीट खाली है और कांग्रेस ने उनके बेटे को इस सीट से अपना उम्मीदवार बनाया है।
तृणमूल कांग्रेस के जिला अध्यक्ष मोहम्मद अली ने कहा, ‘यह सीट प्रणब बाबू की थी और अब उनके बेटे इस सीट पर चुनाव लड़ रहे हैं। इसलिए उनका सम्मान करते हुए हमने अपना उम्मीदवार नहीं उतारने का फैसला किया है।’ जांगीपुर सीट पर भाजपा के सुधांशु बिस्वास भी मैदान में हैं।
लेकिन असली लड़ाई अभिजीत मुखर्जी और माकपा के मुजफ्फर हुसैन के बीच ही है। इस सीट के लिए कुल 11 लोगों ने अपना नामांकन भरा है। 10 अक्तूबर को होने वाले चुनाव के लिए नामांकन भरने की अंतिम तिथि शनिवार तक थी और 26 सितंबर तक नाम वापस लिया जा सकता है। प्रणब मुखर्जी ने 2004 में पहली बार जांगीपुर लोकसभा सीट पर जीत हासिल की थी और 2009 में वह दोबारा चुने गए थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
तृणमूल कांग्रेस के जिला अध्यक्ष मोहम्मद अली ने कहा, ‘यह सीट प्रणब बाबू की थी और अब उनके बेटे इस सीट पर चुनाव लड़ रहे हैं। इसलिए उनका सम्मान करते हुए हमने अपना उम्मीदवार नहीं उतारने का फैसला किया है।’ जांगीपुर सीट पर भाजपा के सुधांशु बिस्वास भी मैदान में हैं।
विज्ञापन
लेकिन असली लड़ाई अभिजीत मुखर्जी और माकपा के मुजफ्फर हुसैन के बीच ही है। इस सीट के लिए कुल 11 लोगों ने अपना नामांकन भरा है। 10 अक्तूबर को होने वाले चुनाव के लिए नामांकन भरने की अंतिम तिथि शनिवार तक थी और 26 सितंबर तक नाम वापस लिया जा सकता है। प्रणब मुखर्जी ने 2004 में पहली बार जांगीपुर लोकसभा सीट पर जीत हासिल की थी और 2009 में वह दोबारा चुने गए थे।
विज्ञापन