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खाप पंचायतों ने किया अंतरजातीय विवाह का समर्थन
अमर उजाला, दिल्ली
Updated Wed, 16 Oct 2013 02:01 PM IST
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ऑनर किलिंग के मामलों पर खाप पंचायतों की चौतरफा आलोचना के बाद पंचायतों ने अपने नियमों में थोड़ी ढील बरतने का फैसला लिया है।
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हरियाणा में खाप पंचायतों ने फैसला किया है कि वे अब अंतरजातीय विवाह का समर्थन करेंगी।
हाल ही में खाप के 70 नेता जींद में मिले थे, जहां उन्होंने अंतरजातीय विवाह का समर्थन करने का फैसला किया।
हालांकि, कुछ सामाजिक कार्यकर्ताओं ने ऑनर किलिंग के मामलों को देखते हुए इसे ढोंग करार दिया है। उनका कहना है कि खाप गांव वालों को तथाकथित परंपरा के नाम पर उकसाती है।
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पिछले कुछ समय से ऑनर किलिंग की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। खाप पंचायतें ने सामान गोत्र, समान गांव यहां तक कि गोत्र के आधार पर समान गांवों के लड़के-लड़कियों की शादी पर भी पाबंदी लगा रखी है। इन सख्तियों पर खाप पंचायतों की आलोचना भी होती रहती है।
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50 गांवों की कंडेला खाप के मुखिया कंडेला ने बताया कि जल्द ही दिल्ली में खाप महापंचायत आयोजित की जाएगी। इसमें पूरे देश की अन्य पंचायतों को इस मुद्दे पर राजी करने की कोशिश की जाएगी।
छवि सुधार की कोशिश
जींद पंचायत में यह प्रस्ताव पेश करने वाले सतरोल खाप के प्रतिनिधि डीपी वत्स का कहना है कि पंचायत के अंतरजातीय विवाह को मानने का वैज्ञानिक कारण है।
पंचायत का मानना है कि क्रॉस ब्रीडिंग प्रजनन के लिए बेहतर होती है। हालांकि एक ही गांव और गांवों में अंतरजातीय विवाह को मंजूरी नहीं दी जाएगी।
वहीं, इस फैसले का कुछ गैरसरकारी संगठनों ने स्वागत किया तो कुछ ने इसे छवि सुधार की कोशिश बताया है।