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कैग पर सरकार और कांग्रेस का हमला
नई दिल्ली/एजेंसी
Updated Thu, 15 Nov 2012 07:52 PM IST
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हालिया टूजी स्पेक्ट्रम आवंटन नीलामी के फ्लॉप रहने के बाद सरकार और कांग्रेस ने नियंत्रण एवं महालेखा परीक्षक (कैग) पर बृहस्पतिवार को जोरदार हमला बोला। इस नीलामी से सरकार को सिर्फ 9,407 करोड़ रुपये मिले हैं।
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सरकार और कांग्रेस दोनों ने इस नीलामी के मद्देनजर कैग के उस रिपोर्ट पर सवाल उठाया है जिसमें वर्ष 2001 में हुए स्पेक्ट्रम आवंटन में 1.76 लाख करोड़ रुपये के नुकसान की बात कही गई थी। कैग की इस रिपोर्ट की वजह से सरकार को विपक्ष का जोरदार हमला झेलना पड़ा है।
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सरकार के स्तर पर सूचना एवं प्रसारण मंत्री मनीष तिवारी ने हमले की कमान संभाली। सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर टूजी स्पेक्ट्रम की हाल में हुई नीलामी पर निवेशकों के बेहद कमजोर उत्साह की ओर इशारा करते हुए तिवारी ने ताना मारते हुए कैग विनोद राय से सवाल पूछा है कि आखिर 1.76 लाख करोड़ की घाटे की रकम कहां गई।
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तिवारी ने कहा कि मेरे विचार से यह गंभीर आत्मपरीक्षण का समय है। उन्होंने कहा कि कैग को अपनी प्रक्रिया पर मंथन करना चाहिए। साथ ही टूजी स्पेक्ट्रम आवंटन को लेकर सरकार पर हमला बोलने वाली भाजपा एवं अन्य विपक्षी पार्टियों को अपने रवैये पर गंभीरता से विचार करना चाहिए।
तिवारी ने कहा कि इन सभी को सार्वजनिक तौर पर माफी मांगनी चाहिए। उधर, कांग्रेस महासचिव दिग्विजय सिंह ने कैग की रिपोर्ट पर सवाल उठाते हुए कहा कि विनोद राय को घाटे की अनुमान का फिर से मूल्यांकन करना चाहिए। उन्होंने कहा कि कैग को फिर से विचार कर अनुमानित घाटे को सही रूप में पेश करना चाहिए।