अमिताभ पर टूटा अखिलेश सरकार का कहर
आईपीएस अमिताभ ठाकुर के निलंबन के बाद उन पर और सख्ती की तैयारी शुरू हो गई है। इसके तहत विभिन्न जिलों में अमिताभ या उनके परिवार के सदस्यों के नाम की संपत्ति का ब्यौरा जुटाया जा रहा है।
इस संबंध में आईजी रजिस्ट्रेशन के दफ्तर से सहायक महानिरीक्षक निबंधन (एआईजी) को निर्देश जारी किए गए हैं। पहली कोशिश अमिताभ की तैनाती वाले जिलों का ब्यौरा जुटाने की है।
लखनऊ, बाराबंकी, बलिया, देवरिया, गोंडा और बस्ती के सहायक महानिरीक्षक निबंधन (एआईजी) के लिए अपर महानिरीक्षक निबंधन संगीता सिंह की तरफ से जारी चिट्ठी में कहा गया है कि सब रजिस्ट्रार दफ्तरों के रिकॉर्ड की छानबीन कर अमिताभ, उनकी पत्नी नूतन ठाकुर, उनके आश्रित, परिवार और करीबी लोगों के नाम मौजूद भूमि, भूखंड, फ्लैट, अन्य संपत्ति की रिपोर्ट तैयार की जाए।
20 तक मांगी गई रिपोर्ट
इसका ब्यौरा हर हाल में 20 जुलाई तक महानिरीक्षक निबंधन कार्यालय लखनऊ को उपलब्ध कराया जाए।
इस निर्देश के बाद सब रजिस्ट्रार दफ्तरों के रिकॉर्ड की छानबीन शुरू हो गई है। बीस जुलाई तक रिपोर्ट भेजने की समयसीमा के मद्देनजर गोरखपुर के सब रजिस्ट्रारों को 17 जुलाई तक ब्यौरा देने के लिए कहा गया है।
विवेचक की मदद के निर्देश भी
अमिताभ ठाकुर पर और सख्ती के लिए रजिस्ट्री दफ्तरों की मदद से उनके और परिवार के सदस्यों के नाम की संपत्ति का ब्यौरा जुटाने के निर्देश में रजिस्ट्री महकमे को अमिताभ के मामले की जांच कर रहे विवेचक को मदद देने के लिए भी कहा गया है। स्पष्ट किया गया है कि विवेचक के संपर्क करने पर पूरा सहयोग दिया जाए।