पीएम मोदी के पहले इंटरव्यू की 10 खास बातें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सीएनएन को दिए इंटरव्यू में कहा कि इंडिया को चीन नहीं, बल्कि इंडिया ही बनना है। हम सोने की चिड़िया रहे हैं। हम उससे नीचे आए हैं, लेकिन अब हमारे आगे बढ़ने का वक्त आया है। चीन और भारत दोनों आगे बढ़ रहे हैं। भारतीयों में अपार क्षमताएं हैं। मेरे पास इन्हें इस्तेमाल करने का रोडमैप है।
लोकतंत्र हमारे डीएनए में है। मैंने इसकी मज़बूती को देखा है। एक ग़रीब परिवार में पैदा हुआ बच्चा इसके बिना कैसे प्रधानमंत्री बन सकता था।
भारत और अमरीका के मिजाज़ में सह-अस्तित्व है। ये सही है कि पिछली सदी में हमारे आपसी रिश्तों में उतार चढ़ा रहा लेकिन 20वीं सदी के अंत से 21वीं सदी के पहले दशक में रिश्तों में बड़ा बदलाव आया है। हमारे रिश्ते गहरे हुए हैं और ये रिश्ते और ज़्यादा गहरे होंगे।
महिलाओं की गरिमा सबकी साझा ज़िम्मेदारी है, इसे लेकर कोई समझौता नहीं होगा। लड़कियों की शिक्षा से उनका शक्तिकरण होगा। अगर किसी को लगता है कि भारतीय मुस्लिम उनके इशारों पर नाचेंगे, तो वे मुग़ालते में हैं। भारतीय मुस्लिम भारत के लिए जिएंगे और मरेंगे। वे कभी भारत का बुरा नहीं चाहेंगे।
'अल कायदा मानवता के लिए संकट है'
(अल क़ायदा पर) ये मानवता के ख़िलाफ़ संकट है, किसी नस्ल या देश के ख़िलाफ़ नहीं। इसलिए इसे मानवता और अमानवता के बीच लड़ाई की तरह देखना चाहिए, और किसी रूप में नहीं।
देश के लोगों को विश्वास है जो टूटना नहीं चाहिए। अगर मैं अपने कार्यों से, बातों से नहीं, लोगों का विश्वास जीत सकूं तो सवा अरब लोगों की ताक़त देश को आगे ले जाएगी। मुझे अपने काम में मज़ा आता है। काम से मुझे आराम भी मिलता है। हर वक्त मैं नया सोचता रहता हूं, नई योजना बनाता हूं, काम के नए तरीके।
योग करता हूं। सभी को योग को अपने जीवन का हिस्सा बनाना चाहिए। योग दिमाग़, शरीर और दिल को सिंक्रोनाइज़ करता है।