{"_id":"5852b9894f1c1bdc39649eea","slug":"justice-waited-dam-affected","type":"story","status":"publish","title_hn":"न्याय की बाट जोह रहे बांध प्रभावित","category":{"title":"City and States Archives","title_hn":"शहर और राज्य आर्काइव","slug":"city-and-states-archives"}}
न्याय की बाट जोह रहे बांध प्रभावित
ब्यूरो/ अमर उजाला, नई टिहरी।
Updated Thu, 15 Dec 2016 09:11 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सरोट गांव में बांध प्रभावित आठ परिवार व बिड़कोट गांव के चार परिवारों को अभी तक भूमि का कोई मुआवजा नहीं मिल पाया है। प्रभावित लगातार टिहरी बांध पुनर्वास निदेशालय से मांग कर रहे हैं, लेकिन इस दिशा में कोई कार्रवाई नहीं हो रही है।
विज्ञापन
बृहस्पतिवार को सरोट गांव में पूर्व प्रधान शूरवीर सिंह राणा की अध्यक्षता में हुई बैठक में ग्रामीणों ने कहा कि वर्ष 2007 में तत्कालीन जिलाधिकारी संजय कुमार ने सरोट गांव के 158 परिवारों के पात्रता निर्धारण के बाद मुआवजा देने की बात कही थी। उनकी ओर से सभी परिवारों के मुआवजे के लिए शासन को प्रस्ताव भेजा गया था, जिनमें से 150 परिवारों को भी भूमि व भवन का मुआवजा मिल पाया है। जबकि आठ परिवार अभी भी वंचित हैं।
विज्ञापन
बताया गया कि इससे पूर्व अगस्त 2014 व सितंबर 2015 को ग्रामीण झील में जल समाधि लेने की चेतावनी दे चुके हैं। बताया गया कि ग्रामीण शूरवीर सिंह राणा, भाग सिंह, नवीन, हुकम सिंह, पुलम सिंह, धीरू, अतोल सिंह चौहान, रुकम सिंह को मुआवजा दिया जाना शेष है।
विज्ञापन