बीटेक स्टूडेंट्स की समस्या सुलझाने को लगेंगे विशेष कैंप
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उत्तर प्रदेश प्राविधिक विश्वविद्यालय (यूपीटीयू) स्टूडेंट्स की समस्या और निपटारे के लिए विशेष कैंप लगाएगा। इन कैंप में संस्थाओं के प्रतिनिधि को उपस्थित होकर स्टूडेंट्स की समस्या का मौके पर ही निपटारा कराना होगा।
यह फैसला बुधवार को यूपीटीयू की परीक्षा समिति की बैठक में किया गया। बैठक में इसके साथ ही निशक्त स्टूडेंट्स को 20 फीसदी अतिरिक्त समय देने तथा बीटेक की पढ़ाई सात साल में पूरी करने के बजाय एक साल का अतिरिक्त समय देने पर भी समिति ने अपनी मुहर लगाई।
कुलपति प्रो. विनय पाठक की अध्यक्षता में रिजल्ट और अन्य कारणों से परेशान स्टूडेंट्स की समस्याओं के निस्तारण के लिए विशेष कैंप आयोजित करने पर सहमति बनी। जिन स्टूडेंट्स के सेशनल और प्रैक्टिकल के नंबर नहीं चढ़े हैं, उनकी अटेंडेंस शीट के साथ संस्थान के प्रतिनिधियों को उपस्थित होना होगा।
कम अटेंडेंस वाले स्टूडेंट्स को नहीं मिलेगी सहूलियत
हालांकि कम उपस्थिति वाले स्टूडेंट्स को किसी प्रकार की सहूलियत देने से समिति ने साफ मना कर दिया। इस संबंध में प्रस्ताव भेजने वाले संस्थान पर एक लाख रुपये जुर्माना लगाने का फैसला भी बैठक में किया गया। बैठक में शासन के निर्देश के अनुसार विकलांगता से पीड़ित स्टूडेंट्स को 20 फीसदी अतिरिक्त समय देने पर भी सहमति बनी।
आगामी परीक्षाओं के लिए क्वेश्चन बैंक के संबंध में निर्णय हुआ कि अक्टूबर माह तक इसका निर्माण कर लिया जाए। इसी तरह पीजी के ऑनलाइन मूल्यांकन के लिए परीक्षा नियंत्रक को जल्द से जल्द प्रस्ताव तैयार करने के लिए कहा गया। बहुत से स्टूडेंट्स को बीटेक की पढ़ाई निर्धारित सात साल में नहीं कर पाए हैं।
इन स्टूडेंट्स को एक साल का अतिरिक्त समय देने पर सहमति बन गई है। समिति ने प्रियदर्शिनी कॉलेज पर पांच लाख रुपये का जुर्माना लगाने का फैसला किया है। कॉलेज ने एक स्टूडेंट्स का नियम विरुद्ध स्थानांतरण दूसरे संस्थान में किया था।