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एजूकेशन हब में दूर होगी शिक्षकों की कमी

Thu, 05 Dec 2013 12:19 PM IST
आफताब अजमत/अमर उजाला, देहरादून
आफताब अजमत/अमर उजाला, देहरादून Updated Thu, 05 Dec 2013 12:19 PM IST
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shortage of teachers will overcome

उत्तराखंड के विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों में शिक्षकों की कमी दूर होने का रास्ता साफ हो गया है। राष्ट्रीय उच्चतर शिक्षा अभियान (रूसा) से जुड़ने के बाद विवि प्रशासन अधिकार संपन्न हो जाएंगे।

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इसके बाद उन्हें शिक्षकों की नियुक्ति के लिए शासन की अनुमति का इंतजार नहीं करना होगा। विवि अपने लिए संसाधन जुटाने और खातों का लेखा-जोखा रखने के लिए भी स्वतंत्र होंगे। बता दें कि अभी प्रदेश के विवि, कॉलेजों में शिक्षकों के करीब 50 प्रतिशत पद खाली हैं।
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यह है तस्वीर
- उत्तराखंड तकनीकी विवि में कुलसचिव सहित तमाम पद संविदा पर चल रहे हैं। 2006 में स्थापना के वक्त यहां आठ बाबुओं के पद सृजित हुए थे। इसके बाद से न कोई नया पद सृजित हुआ, न भरा गया। विवि के अकादमिक से लेकर फाइनेंशियल तक के सभी काम संविदा कर्मियों के भरोसे हैं।

- गढ़वाल विवि से संबद्ध डीएवी कालेज में करीब 40 प्रतिशत शिक्षकों की कमी है। वर्ष 2009 में नियुक्ति प्रक्रिया शुरू हुई थी लेकिन विवादों के बाद शासन ने रोक लगा दी। 30 हजार से ज्यादा छात्रों को केवल 120 शिक्षक पढ़ा रहे हैं।

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- कुमाऊं विवि में भी शिक्षकों की भारी कमी है, लेकिन शासन से नियुक्ति की अनुमति नहीं मिल रही।
- उत्तराखंड आयुर्वेद विवि की स्थापना के कई वर्ष बाद भी नए पद सृजित नहीं हो सके हैं।

केरल, दिल्ली से आगे उत्तराखंड
विवि की संख्या के मामले में उत्तराखंड साक्षरता में अव्वल राज्य केरल से आगे है। यूजीसी जून 2013 के आंकड़े बताते हैं कि केरल में 17 विवि हैं, जबकि उत्तराखंड में 23।


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यह संख्या हिमाचल (23) व पंजाब (23) के बराबर लेकिन उड़ीसा (19), झारखंड (14) व बिहार (22) से ज्यादा है। दूसरी ओर, जून 2013 तक प्रदेश में कुल 413 कालेज थे। यह आंकड़ा देश की राजधानी दिल्ली (240), जम्मू कश्मीर(314) व झारखंड(231) से कहीं ज्यादा है।

बजट में कटौती से पिछड़ रही शिक्षा
प्रदेश में कॉलेज, विवि तो बढ़े हैं लेकिन शिक्षा का स्तर लगातार गिर रहा है। रूसा में दिए गए आंकड़ों के मुताबिक उत्तराखंड उन राज्यों में शुमार है, जिसने तेजी से तकनीकी शिक्षा के बजट में लगातार कटौती की है, जिसकी वजह से शिक्षा पिछड़ रही है।

अगले सप्ताह होगी बैठक
उच्च शिक्षा निदेशालय रूसा के संबंध में कुमाऊं मंडल के विवि और कॉलेजों के लिए 10 दिसंबर को एमबी कॉलेज हल्द्वानी और 12 दिसंबर को गढ़वाल मंडल के सभी विवि और कॉलेजों के लिए बैठक दून विवि में आयोजित करेगा। कॉलेजों और विवि से प्रस्ताव केंद्र सरकार को भेजे जाएंगे।

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