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पीयू ने जारी की Phd के लिए नई गाइडलाइंस, पढ़िए
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Thu, 05 Jun 2014 12:02 PM IST
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पंजाब यूनिवर्सिटी ने यूनिवर्सिटी ग्रांट कमीशन (यूजीसी) की ओर से पीएचडी डिग्री रेगुलेशन 2009 के तहत पीयू में पीएचडी दाखिले को लेकर नई गाइडलाइंस जारी कर दी हैं। इस संबंध में सभी विभागों को चिट्ठी भी जारी कर दी गई है पीएचडी में दाखिले यूजीसी नेट-जेआरएफ के अलावा एंट्रेंस टेस्ट के तहत होगा।
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सरकारी कालेज में दो साल से रेगुलर तौर पर कार्यरत शिक्षकों को पीएचडी एंट्रेंस टेस्ट से छूट दी गई है। एंट्रेंस टेस्ट द्वारा एमफिल करने वाले स्टूडेंट को दो-दो साल तक पीएचडी एंट्रेंस टेस्ट से छूट रहेगी।
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विभिन्न स्कॉलरशिप के तहत एनआरआई को भी एंट्रेंस टेस्ट से छूट दी गई है। लेकिन ऐसे स्टूडेंट का केस पहले रिसर्च डिग्री कमेटी और ज्वाइंट रिसर्च बोर्ड के पास फाइनल अप्रूवल के लिए जाएगा। पीयू में पहले की तरह पत्राचार से पीएचडी प्रोग्राम नहीं कराए जाएंगे।
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105 घंटे का कोर्स वर्क जरूरी
पीयू ने पीएचडी के लिए योग्य उम्मीदवारों को रजिस्ट्रेशन से पहले पीएचडी कोर्स वर्क अनिवार्य होगा। स्टूडेंट को 105 घंटे का एक सेमेस्टर कोर्स वर्क करना होगा। इसमें रिसर्च मैथर्डलॉजी के 35 घंटे शामिल हैं। कोर्स वर्क के बाद तीन पेपर भी क्लीयर करने होंगे। प्रत्येक पेपर में 50 फीसदी अंक हासिल करना अविनार्य होगा। कोर्स वर्क में प्रत्येक स्टूडेंट को 75 फीसदी अटेंडेंस जरूरी होगी।