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पीयू से पीएचडी कर रहे स्टूडेंट्स के लिए गुड न्यूज
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Tue, 22 Apr 2014 09:53 AM IST
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पीयू से किसी भी संकाय में पीचडी कर रहे विद्याथियों को पीएचडी डिग्री लेने तक दूसरे कोर्स में दाखिले के लिए इंतजार नहीं करना पड़ेगा। पीयू प्रशासन जल्द ही पीएचडी नियमों में संशोधन करने की तैयारी में है।
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इस संबंध में आगामी सिंडीकेट में इस मामले को लेकर गठित कमेटी की सिफारिशों को मंजूरी मिलने की उम्मीद है। पीयू नियमों के तहत पीएचडी पूरी होने तक कोई विद्यार्थी मॉस्टर (एमए) या किसी अन्य पीजी(पोस्ट ग्रेजुएट) कोर्स में दाखिला नहीं ले सकता था।
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लेकिन अब पीएचडी थीसिस जमा होने के तुरंत बाद विद्यार्थी दूसरे कोर्स में दाखिला ले सकेंगे। 25 मार्च 2013 को डीयूआई की अध्यक्षता में इस मामले पर गठित कमेटी ने यह फैसला लिया है। सिंडीकेट की मुहर लगते ही नया नियम लागू हो जाएगा।
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पीयू से पीएचडी करने वाले शोधकताओं की थीसिस जमा होने के बाद 6 महीने से 1 साल तक वाइसा होने में समय लग जाता था। जिससे कई पीएचडी रिसर्च स्कालॅर क एक साल खराब हो जाता था।
दो छात्राओं का मामला आएगा सिंडीकेट में
पीयू से पीएचडी करने वाली दो छात्राओं ने कमेटी के सामने पीएचडी थीसिस जमा करने के बाद कोर्स में दाखिले की अप्रुवल का मामला भेजा है।
कुसुम लता और सोनिया विज ने पीएचडी थीसिस जमा करने के बाद 2012-13 में बीएड में दाखिला ले लिया था। लेकिन नियमों के तहत पीएचडी डिग्री मिलने तक दूसरे कोर्स में दाखिला नहीं ले सकते थे।
अब दोनों छात्राओं ने उनके कोर्स को मंजूरी देने की अर्जी दी है। जिसे कमेटी ने तो मंजूर कर दिया है, लेकिन अंतिम फैसला सिंडीकेट बैठक में लिया जाएगा।
एंट्रेंस टेस्ट 55 फीसदी अंक जरूरी
पीयू प्रशासन ने क्वालिटी रिसर्च के लिए पीएचडी रजिस्ट्रेशन नियमों को कड़ा रखने का फैसला लिया है। एंट्रेंस टेस्ट के तहत पहले पेपर में पास परसेंटेज 55 फीसदी ही रहेगा।
28 फरवरी 2014 को डीयूआई की अध्यक्षता में गठित कमेटी ने यह फैसला लिया है। छात्र संगठन इसे 50 फीसदी करने की मांग कर रहे थे। 55 फीसदी अंकों का नियम लॉ फैकल्टी में भी लागू होगा।
50 फीसदी अंक तभी मिलेगी स्कॉलरशिप
पीयू प्रशासन ने अब स्टूडेंट एड फंड के तहत गरीब विद्यार्थियों को मिलने वाली स्कॉलरशिप नियमों में बदलाव की तैयारी कर ली है। अब सिर्फ गरीबी रेखा से नीचे होना ही स्कॉलरशिप का आधार नहीं होगा।
पहले वर्ष में 50 फीसदी अंक लाने पर ही विद्यार्थी को दूसरे वर्ष में स्कॉलरशिप का पैसा मिलेगा। पीयू प्रशासन ने 2013-14 के तहत स्टूडेंट एड फंड के तहत 317 विद्यार्थियों को 25 लाख 37 हजार की स्कॉलरशिप दी गई है।