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...यहां तो बोल-बोलकर कराई जा रही नकल
सचिन त्रिपाठी/अमर उजाला, लखनऊ
Updated Sat, 08 Mar 2014 09:10 AM IST
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आलमबाग इंटर कॉलेज में शुक्रवार को उड़नदस्ते ने सुबह की पाली में इंटरमीडिएट अर्थशास्त्र की परीक्षा में एक शिक्षक को ड्यूटी करते पकड़ा। शिक्षक कॉलेज में अर्थशास्त्र का ही शिक्षक है।
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शिक्षक का परिचय पत्र जब्त कर लिया गया पर परीक्षा केंद्र के खिलाफ कोई सख्त कार्रवाई नहीं हुई। बोर्ड परीक्षा शुरू होने के पहले दिन तीन मार्च को फ्लोरेंस नाइटेंगल इंटर कॉलेज में हिंदी के पेपर में हिंदी के शिक्षक को ड्यूटी करते खुद डीआईओएस ने पकड़ा था।
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कॉलेज को नोटिस जारी करने की बात कही गई पर कोई कड़ी कार्रवाई नहीं हुई। बोर्ड परीक्षा शुरू होने के पहले दिन तीन मार्च को फ्लोरेंस नाइटेंगल इंटर कॉलेज में हिंदी के पेपर में हिंदी के शिक्षक को ड्यूटी करते खुद डीआईओएस ने पकड़ा था।
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कॉलेज को नोटिस जारी करने की बात कही गई पर कोई कड़ी कार्रवाई नहीं हुई। यूपी बोर्ड परीक्षा में विषय विशेषज्ञ शिक्षकों की ड्यूटी पर सख्त रोक है। इसके बाद भी निजी कॉलेजों में बने विषय विशेषज्ञ शिक्षक परीक्षा के दौरान ड्यूटी कर रहे हैं।
पकड़े जाने पर चेतावनी या बहुत ज्यादा नोटिस जारी करके मामला रफा-दफा कर दिया जाता है। नतीजा यह है कि शिक्षा माफिया कुछ विषय विशेषज्ञ शिक्षकों के जरिए ड्यूटी की आड़ में नकल करवा रहे हैं।
कॉपी किताबों से नकल कराने पर फ्लाइंग स्कवायड द्वारा पकड़े जाने का डर ज्यादा रहता है। इससे शिक्षा माफिया विषय विशेषज्ञ शिक्षक की ड्यूटी के जरिए विद्यार्थियों को नकल करा रहे हैं।
इसका सबसे ज्यादा फायदा जुगाड़ से बने परीक्षा केंद्रों पर स्वकेंद्र का लाभ लेने वाली छात्राओं को हो रहा है। सेटिंग करके अपने मनमाफिक सेंटर बनवाने वाले कॉलेजों में छात्रों को भी विषय विशेषज्ञ शिक्षक कक्ष निरीक्षण ड्यूटी के दौरान लाभान्वित कर रहे हैं।
कक्ष निरीक्षकों द्वारा मौखिक रूप से नकल करवाने के कारण इन्हें पकड़ना भी संभव नहीं हो रहा है। ऐसे में नकल रोकने के तमाम दावे खोखले साबित हो रहे हैं।