फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   officials in lu play with rules to fill seats in dull subjects

LU: सीट भरने के लिए हुआ गजब कांड

Thu, 26 Sep 2013 01:25 PM IST
आशीष त्रिवेदी/लखनऊ
आशीष त्रिवेदी/लखनऊ Updated Thu, 26 Sep 2013 01:25 PM IST
विज्ञापन
officials in lu play with rules to fill seats in dull subjects

लखनऊ विश्वविद्यालय में स्नातक की खाली सीटों को भरने के चक्कर में जिम्मेदारों ने छात्रों को गलत विषयों में दाखिला दे दिया।

विज्ञापन


बीए में छात्रों को एक ही ग्रुप के दो-दो विषय अलॉट कर दिए गए।

दाखिला पाने के बाद छात्रों ने अपनी-अपनी फीस भी जमा कर दी और जब वे अलॉटमेंट लेटर लेकर डीन फैकल्टी ऑफ आर्ट्स के ऑफिस पहुंचे तो उन्हें पता चला कि उन्होंने गलत विषय चुन लिए हैं।

उन्होंने जो विषय चुने हैं, उनमें से दो ग्रुप-डी के ही हैं जबकि नियमानुसार वे इन विषयों में दाखिला नहीं ले सकते। इसके बाद छात्रों को डीन ऑफिस में बीए में दाखिला देने से मना कर दिया गया। अब प्रवेश समन्वयक प्रो. एनके खरे स्वीकार करते हैं कि सब्जेक्ट्स अलॉट करने में गलती हो गई।
विज्ञापन


अब छात्रों को दूसरे विषयों की खाली सीटों पर दाखिला दिया जाएगा। बीए में दाखिला लेने वाले अमित सिंह ने अपने तीन विषयों में अरब कल्चर, प्राचीन भारतीय इतिहास और भाषा विज्ञान का विकल्प भरा था।
विज्ञापन
विज्ञापन


उसे बिना जांच-पड़ताल के इन्हीं विषयों में प्रवेश दे दिया गया जबकि ग्रुप-डी में अरब कल्चर व प्राचीन भारतीय इतिहास दोनों विषय आते हैं। लविवि में बीए में विषयों का वर्गीकरण ग्रुप ए, बी, सी व डी में किया गया है।

नियमानुसार छात्र एक ही ग्रुप के दो-दो विषय नहीं चुन सकते। अमित की ही तरह अंकुश प्रताप सिंह को भी प्राचीन भारतीय इतिहास, अरब कल्चर और मैथ्स के विषय अलॉट कर दिए गए। वैभव सिंह, विजय सेन यादव, संदीप कुमार सिंह व विजय मित्तल को भी ग्रुप-डी के ही दो-दो विषय दे दिए गए।

अब खाली सीटों पर मिलेगा प्रवेश
लविवि में फीस जमा करने के बाद अब ऐसे सभी छात्र एडमिशन के लिए भटक रहे हैं। लविवि प्रशासन ने अब उन्हें बीए में जिन-जिन विषयों में सीटें खाली चल रही हैं, उनमें दाखिला देने का आश्वासन दिया है।


हालांकि, सवाल ये उठता है कि आखिर एक ही ग्रुप के दो विषयों को कैसे अलॉट कर दिया गया। अगर छात्रों ने गलत विषय के विकल्प दिए भी थे तो भी लविवि ने इन्हें क्यों नहीं पकड़ा?

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed