कॉपी जांचने में हुआ खेल तो स्टूडेंट हुआ फेल!
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पॉलीटेक्निक की कॉपियां जांचने में लापरवाही की बात सामने आई है। स्टूडेंट की उत्तर पुस्तिका में 17 नंबर को काटकर सात कर दिया गया। इतना ही नहीं कई सवालों के जवाब सही होने के बावजूद काट दिए गए।
कोर्ट के निर्देश के बाद उत्तर पुस्तिका की फोटो कॉपी मिली तो वास्तविकता पता चली। इसके बावजूद स्टूडेंट के नंबर दुरुस्त नहीं किए गए। अब नंबर सही कराने के लिए उसे प्राविधिक शिक्षा परिषद के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं।
राजधानी के बिजनौर इलाके में स्थित भोनवाल स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग में पॉलीटेक्निक सेकंड ईयर के छात्र कृष्ण कुमार मिश्रा के अनुसार उसकी परीक्षा लखनऊ पॉलीटेक्निक में हुई थी। रिजल्ट निकला तो पता चला कि उसे तीन विषयों में फेल कर दिया गया है।
परीक्षा में मिले नंबरों पर यकीन न होने पर उसने स्क्रूटनी डाली लेकिन प्राप्तांक में कोई बदलाव नहीं हुआ। इस पर छात्र ने मैटेरियल एंड मैटेरियल साइंस और थर्मल इंजीनियरिंग विषय की उत्तर पुस्तिका की फोटो कॉपी के लिए कोर्ट का दरवाजा खटखटाया।
नंबरों पर किया ओवर राइट
कोर्ट के निर्देश के बाद छात्र को दोनों उत्तर पुस्तिकाओं की फोटो कॉपी दे दी गई। छात्र के अनुसार उत्तर पुस्तिका में पहले दिए गए नंबरों पर ओवर राइट किया गया है। कई सवालों के सही उत्तर काट दिए गए हैं। मैटेरियल एंड मैटेरियल साइंस के पेपर में 17 से ज्यादा नंबर दिए गए हैं इसके बावजूद उत्तर पुस्तिका के पहले पेज पर ओवर राइटिंग के जरिए केवल सात नंबर दिखाए गए हैं।
कई सवालों में मिले नंबरों को ओवर राइट कर जीरो बनाया गया है। इसी तरह थर्मल इंजीनियरिंग के पेपर में उत्तर पुस्तिका में 19 नंबर होने के बावजूद केवल 13 नंबर दिए गए हैं। कृष्ण कुमार के अनुसार उत्तर पुस्तिका की फोटो कॉपी मिलने के बाद इसे सही कराने के लिए पिछले कई दिन से वह परिषद कार्यालय के चक्कर काट रहा है।
इसके बावजूद ध्यान नहीं दिया जा रहा है।तीन विषयों में फेल पॉलीटेक्निक स्टूडेंट को कोर्ट के हस्तक्षेप के बाद मिली उत्तर पुस्तिका की फोटो कॉपी ओवर राइटिंग कर किया गया खेल फिर भी नहीं हो रही कार्रवाई।