मिशन एडमिशन: मनमानी पर उतरे प्राइवेट स्कूल
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शहर के सभी प्राइवेट और कॉन्वेंट स्कूलों में सोमवार से नर्सरी और केजी स्तर पर दाखिला प्रक्रिया शुरू हो गई है। वहीं, कई स्कूल शिक्षा विभाग की ओर से तय कॉमन एडमिशन शेड्यूल की अनदेखी कर रहे हैं।
शिक्षा विभाग ने स्कूलों को आवेदन फार्म वेबसाइट और स्कूल में उपलब्ध कराने के आदेश दिए थे। सोमवार को कई अभिभावक स्कूल पहुंचे तो उन्हें आवेदन फार्म का प्रिंट देने से मना कर दिया गया। स्कूल प्रबंधकों ने अभिभावकों को आवेदन फार्म सिर्फ वेबसाइट पर मिलने की बात कहकर पल्ला झाड़ लिया।
अभिभावकों ने जताई नाराजगी
ट्राइसिटी के अभिभावकों में एंट्री लेवल पर दाखिले के लिए चार प्रमुख कॉन्वेंट स्कूल सेंट जोन, सेक्रेड हार्ट, कार्मल कॉन्वेंट और सेंट ऐंस पहली पसंद हैं। सोमवार को कई अभिभावक कॉन्वेंट स्कूलों में फार्म लेने पहुंच गए, लेकिन उन्हें वेबसाइट से फार्म डाउनलोड करने का नोटिस दिखा दिया गया।
अभिभावकों ने आवेदन फार्म का प्रिंट नहीं देने पर नाराजगी जताई। कॉन्वेंट स्कूलों का आवेदन फार्म चार से पांच पेज का है। उधर, सेक्टर-7 स्थित केबी डीएवी सीनियर सेकेंडरी स्कूल के काउंटर पर सोमवार को निशुल्क फार्म दिए गए। सरकारी स्कूलों में भी आवेदन फार्म निशुल्क दिए जाएंगे।
सेंट कबीर स्कूल-26 कर रहा मनमानी
सेक्टर-26 स्थित सेंट कबीर स्कूल प्रबंधन भी शिक्षा विभाग के आदेशों की अनदेखी कर रहा है। शिक्षा विभाग ने रजिस्ट्रेशन फार्म के लिए 50 रुपये फीस तय की है, लेकिन सेंट कबीर स्कूल प्रबंधन ने 100 रुपये चार्ज करने का नोटिस जारी किया है। स्कूल ने फार्म जमा करने का समय भी 20 दिसंबर से घटाकर 12 दिसंबर कर विभाग के आदेशों की अनदेखी की है।
पहले दिन स्कूलों में नहीं दिखी भीड़
शिक्षा विभाग ने इस बार अभिभावकों को आवेदन फार्म जमा करने के लिए 20 दिन का समय दिया है। सोमवार को पहले दिन फार्म जमा करने के लिए हर स्कूल में कुछ अभिभावक ही पहुंचे। कई अभिभावकों को फार्म में गलतियां सुधारकर लाने के लिए कहा गया।
रामकुमार शर्मा, जिला शिक्षा अधिकारी, चंडीगढ़ ने बताया कि कॉमन एडमिशन शेड्यूल शहर के प्राइवेट, कॉन्वेंट और सरकारी स्कूलों के लिए समान है। कोई भी स्कूल विभाग की अनुमति के बिना शेड्यूल में बदलाव नहीं कर सकता। अभिभावक किसी स्कूल के खिलाफ शिकायत करते हैं तो जांच कर कार्रवाई की जाएगी।