फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   millions rupees spent in PU students election

पीयू छात्र चुनाव पर चौंकाने वाला खुलासा

Mon, 08 Sep 2014 11:33 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Mon, 08 Sep 2014 11:33 PM IST
विज्ञापन
millions rupees spent in PU students election

पीयू के छात्र काउंसिल के चुनाव के बाद पुलिस ने दो दिन बाद सोमवार को अपनी रिपोर्ट सौंप दी है। रिपोर्ट में कहा गया है कि अलग-अलग छात्र संगठन की ओर से लाखों रुपये चुनाव में खर्च किए गए हैं जो कि लिंगदोह कमेटी के नियमों का उल्लंघन है।

विज्ञापन


पुलिस ने पीयू प्रशासन को ऐसे छात्र सगठनों पर कार्रवाई करने के लिए कहा है। मालूम हो कि पीयू के रिकार्ड के अनुसार सबसे ज्यादा खर्चा एनएसयूआई की ओर से 16,680 रुपये की जानकारी दी गई है। एनएसयूआई ने चुनाव जीता है। दूसरे नंबर पर रहने वाली एसओआई पार्टी ने 16,380 रुपये के खर्चे की जानकारी पीयू को दी है।
विज्ञापन


जबकि, एसएफएस पार्टी की ओर से अपना खर्चा 740 रुपये बताया है। राजनीतिक दलों केनेताओं ने लिखित में इसकी जानकारी दी है। पुलिस के अनुसार, इतने कम खर्चो में चुनाव नहीं लड़ा गया है। छात्रों को डिस्को, सिनेमा हाल और सैर सपाटे के लिए बसे तक किराए पर ली गई। कई अन्य कूपन भी निशुल्क बांटे गए। चुनाव के लिए टैक्सियां भी किराए पर ली गई है।

विज्ञापन
विज्ञापन

लाखों रुपये पानी की तरह बहाए गए

millions rupees spent in PU students election

पुलिस ने उन बस आपरेटर की भी जानकारी दी है जिनका प्रयोग छात्रों को कसौली और शिमला भी भेजा गया था। पुलिस के पास उन वाहनों के नंबर भी हैं जिनका प्रयोग कार रैलियों और चुनाव प्रचार में किया गया है।

मालूम हो कि लिंगदोह कमेटी के नियमों के अनुसार कोई भी छात्र सगठन 5 हजार रुपये से ज्यादा का खर्चा नहीं कर सकता है। जबकि मतदाताओं का प्रभावित करने के लिए इस बार लाखों रुपये पानी की तरह बहाए गए हैं।

डीएसपी सेंट्रल आशीष कपूर ने बताया कि पुलिस विभाग ने पीयू प्रशासन को अपनी रिपोर्ट भेज दी है। कई कूपन और फिल्म की टिकट चुनाव में छात्र सगठनों की ओर से बांटे गए हैं। सैर सपाटे के लिए भी बसों में ले जाया गया है। पीयू प्रशासन को अपने स्तर पर कार्रवाई करने के लिए कहा गया है।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed