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यूपीटीयू: 20 कॉलेजों में बंद होगी आईटी ब्रांच

Fri, 02 May 2014 08:57 AM IST
Updated Fri, 02 May 2014 08:57 AM IST
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IT branch in 20 colleges of uptu will be closed

इसे मार्केट फोर्स कहें, छात्रों का कम होता रुझान कहें या फिर कैंपस प्लेसमेंट में आईटी की कम होती डिमांड, क्योंकि इंजीनियरिंग एजूकेशन में इंफॉरमेशन टेक्नोलॉजी (आईटी) का रुतबा कम होता जा रहा है।

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लिहाजा उत्तर प्रदेश टेक्निकल यूनिवर्सिटी (यूपीटीयू) के 20 इंजीनियरिंग कॉलेज 2014-15 के नए सेशन में आईटी ब्रांच बंद करने जा रहे हैं। इन कॉलेजों ने आईटी की जगह मैकेनिकल और सिविल ब्रांच शुरू करने के लिए यूनिवर्सिटी से अनुमति मांगी है।
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इसके पीछे यह भी माना जा रहा है कि इंजीनियरिंग की अन्य ब्रांचों में छात्रों को बेहतर प्लेसमेंट और पैसा मिल रहा है।

काउंसलिंग में दिखा ये नजारा

IT branch in 20 colleges of uptu will be closed

दरअसल, यूपीटीयू की ओर से कॉलेजों को दी जाने वाली सालाना संबद्धता की आवेदन प्रक्रिया खत्म हो गई है। इसमें सबसे ज्यादा 20 कॉलेजों में आईटी ब्रांच बंद होंगी।

इसके अलावा 10 कॉलेजों ने इलेक्ट्रॉनिक्स एंड इस्ट्रूमेंटेशन ब्रांच बंद करने का आवेदन किया गया है। यूपी स्टेट एंट्रेंस एग्जाम (एसईई) की काउंसलिंग में पिछले तीन साल से सीएस की मैकेनिकल और ईसीई जैसी ब्रांच टॉप पर चल रही हैं।

एसईई काउंसलिंग में इन ब्रांच की क्लोजिंग रैंक जनरल के साथ-साथ रिजर्वेशन कैटेगरी में भी टॉप पर चल रही है।

यह भी है एक कारण

IT branch in 20 colleges of uptu will be closed

यूपीटीयू के रजिस्ट्रार यूएस तोमर ने बताया कि सबसे ज्यादा आईटी ब्रांच बंद करने की एप्लीकेशन मिली हैं। उन्होंने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के अनुपालन में 15 मई तक संबद्धता की प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी।

साथ ही यूपीटीयू देश की पहली यूनिवर्सिटी होगी, जो संबद्धता आवेदन, फीस, पूरी प्रक्रिया और संबद्धता पत्र जारी करने का काम पहली बार ऑनलाइन कर रही है।

दरअसल इस साल यूनिवर्सिटी ग्रांट कमीशन (यूजीसी) ने 2014-15 के लिए इंजीनियरिंग कॉलेजों में सीट बढ़ोतरी पर रोक लगा दी है। ये भी बड़ी वजह है कि कम रुझान वाली आईटी जैसी ब्रांच बंद कर, ऐसी ब्रांच में सीट बदल ली जाएं जहां बिना किसी खींचतान के आसानी से छात्र मिले और सीट भर जाएं।

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