सरकारी टीचर भर्ती से जुड़ी बेहद अहम खबर
शिक्षा विभाग की ओर से पांच साल बाद खोली गई शिक्षक भर्ती को लेकर विवाद शुरू हो गया है। भर्ती प्रक्रिया शुरू होने से पहले ही परीक्षा के पैटर्न पर सवाल उठ रहे हैं।
पंजाब के युवाओं को फायदा पहुंचाने का आरोप लगाते हुए कुछ युवाओं ने इस संबंध में कोर्ट जाने की चेतावनी दी है। चंडीगढ़ स्कूलों में तैनात कॉन्ट्रेक्ट, एसएसए और गेस्ट टीचर्स को ही उम्र में छूट देने पर पहले ही विवाद चल रहा था।
अब लिखित परीक्षा में 25 अंक पंजाबी विषय के तय करने पर विवाद बढ़ गया है। शिक्षा विभाग के पास शिकायत के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं होने से युवाओं में आक्रोश है। साथ ही, तय नियमों को लेकर कई युवक कोर्ट जाने की तैयारी में हैं।
अब सिर्फ दो ऑब्जेक्टिव टेस्ट
2009 में भर्ती घोटाले से सबक लेते हुए प्रक्रिया पारदर्शी बनाने के लिए अकेडमिक रिकॉर्ड और इंटरव्यू खत्म कर दिया गया है। भर्ती के लिए अब सिर्फ दो ऑब्जेक्टिव टेस्ट क्लीयर करने होंगे।
क्या है विवाद का कारण
एनटीटी व जेबीटी भर्ती में पेपर-1 और पेपर-2 लिया जाएगा। दोनों पेपर के 100-100 अंक तय हैं। विवाद दूसरे पेपर पर है। 100 अंक की परीक्षा में प्रत्येक सेक्शन के 25 अंक निर्धारित हैं। एक सेक्शन में 25 अंक सिर्फ पंजाबी विषय से पूछे जाएंगे। पंजाबी नहीं पढ़ने वाले युवाओं ने इसका विरोध किया है।
जेबीटी के लिए आवेदन करने वाली पंचकूला की वंदना ने कहा कि विभाग ने सीटीईटी अनिवार्य योग्यता तय की है, जो राष्ट्रीय स्तर की परीक्षा है। ऑल इंडिया लेवल पर इसमें सीटीईटी क्लीयर विद्यार्थी अपीयर हो सकते हैं, लेकिन पंजाबी के 25 अंक निर्धारित करना गलत है। हिंदी विषय का विकल्प भी देना चाहिए।
यह होगा लिखित परीक्षा का सिलेबस
एनटीटी व जेबीटी के लिए पहले पेपर में अंग्रेजी, हिंदी, मेंटल एबिलिटी, जनरल अवेयरनेस और टीचिंग एप्टीट्यूट से प्रश्न पूछे जाएंगे। कुल 100 अंक की परीक्षा ऑब्जेक्टिव टाइप होगी। दूसरे 100 अंक के पेपर में साइंस, सोशल साइंस, गणित और पंजाबी (प्रत्येक सेक्शन के 25 अंक) निर्धारित हैं।
दो घंटे में 100 ऑब्जेक्टिव सवाल हल करने होंगे। टीजीटी के लिए पहले पेपर में अंग्रेजी, हिंदी, मेंटल एबिलिटी, जनरल अवेयरनेस और टीचिंग एप्टीट्यूट संबंधी सवाल पूछे जाएंगे। प्रत्येक सेक्शन के 20 अंक होंगे। दूसरे 100 अंक के पेपर में संबंधित विषय से जुड़े सवाल पूछे जाएंगे।
शिक्षकों की भर्ती योग्यता को लेकर कई खामियां हैं। इसमें आवेदन के लिए आयु सीमा कम के अलावा परीक्षा पैटर्न में भी गड़बड़ी है। आवेदन करने वाले युवा कोर्ट जाने की तैयारी में हैं। विभाग मनमर्जी से भर्ती की योग्यताएं निर्धारित कर रहा है।
-स्वर्ण सिंह कंबोज, प्रेसिडेंट, यूटी एजुकेशनल इंप्लाइज यूनियन, चंडीगढ़