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यहां बीटेक की बत्ती गुल, लेकिन आईटीआई हिट
ब्यूरो / अमर उजाला, देहरादून
Updated Sun, 02 Aug 2015 12:24 PM IST
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उत्तराखंड प्रदेश में इंजीनियरिंग का डिग्री कोर्स बीटेक बुरे हालात में पहुंच गया है। लेकिन आईटीआई में युवाओं का रुझान ज्यादा देखने मिल रहा है।
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आलम यह है कि कई साल बाद पहले चरण में महज 1300 सीटें ही भर पाई हैं, जबकि आईटीआई जैसे कोर्स में इसके मुकाबले ज्यादा भीड़ है। वहां पहले चरण में तीन हजार और दूसरे चरण में तीन हजार सीटों पर दाखिले हुए।
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उत्तराखंड तकनीकी विवि से संबद्ध कॉलेजों में बीटेक बुरे हालात में पहुंच चुका है। विवि ने 11800 सीटों के लिए पहले चरण की काउंसिलिंग कराई। इसमें करीब तीन हजार छात्रों को सीटें अलॉट की गई। पहले चरण के दाखिले खत्म होने के बाद सामने आए आंकड़े और अधिक चिंताजनक हैं।
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पहले चरण के बाद केवल 1308 छात्रों ने ही एडमिशन लिए हैं। यानी करीब 10 हजार बीटेक सीटें खाली हैं। दूसरे चरण की बीटेक काउंसिलिंग तीन अगस्त से शुरू होने जा रही है। छात्र तीन से छह अगस्त के बीच काउंसिलिंग शुल्क जमा करा सकते हैं।
इसके बाद पांच अगस्त से दस अगस्त के बीच च्वाइस भरी जाएगी। इन छात्रों को 13 अगस्त को सीटें आवंटित होगी, जिन पर 16 से 18 अगस्त के बीच दाखिले होंगे। छात्रों के बेहद कम रुझान के चलते कॉलेजों की चिंता बढ़ गई है।
दूसरी ओर, आईटीआई और पॉलीटेक्निक डिप्लोमा जैसे कोर्स में पहले ही चरण में जबर्दस्त मारामारी नजर आई। एक ओर, पॉलीटेक्निक में पहले चरण में दो हजार से ज्यादा सीटों पर दाखिले हुए तो दूसरी ओर आईटीआई में दो चरण के बाद करीब छह हजार में से 4500 सीटें भर चुकी हैं।