एचपीयू के बीटेक छात्रों के लिए अच्छी खबर, जरूर पढ़ें..
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बीटेक के सैकड़ों छात्रों के लिए राहत भरी खबर है। प्रदेश विश्वविद्यालय इन्हें रि-चेकिंग और रि-इवेल्यूएशन का मौका देने जा रहा है। हाल ही में कुलपति के आदेशों पर गठित कमेटी ने जांच शुरू कर दी है।
प्रदेश में चल रहे सिविल, इलेक्ट्रिकल और इलेक्ट्रॉनिक्स बीटेक डिग्री कोर्स के सातवें सत्र में कुल 820 छात्रों में से 16 छात्र ही पास हो पाए थे। इन छात्रों ने एचपीयू की ओर से घोषित परीक्षा परिणाम और मूल्यांकन पर सवाल उठाए थे।
इस मामले को कुलपति से भी उठाया था। इस पर परीक्षा नियंत्रक की अध्यक्षता में कमेटी बनाई गई। अब कमेटी के सुझावों पर उत्तर पुस्तिकाओं की रि-चेकिंग करवाई जा सकती है।
जांच के बाद पुनर्मूल्यांकन का रहेगा विकल्प
इसमें छात्र को बुलाकर और उत्तर पुस्तिका दिखाकर अंक जोड़ने में हुई गलतियों को जांचा जाएगा। उसके बाद यदि छात्र संतुष्ट नहीं हुए तो पुनर्मूल्यांकन करवाने का विकल्प रहेगा। इसमें किसी विषय विशेषज्ञ से उत्तर पुस्तिकाओं की रि-इवेल्यूएशन करवाई जा सकती है।
बीटेक के आठ सौ से अधिक छात्रों के भविष्य को देखते हुए विवि ने मामले को गंभीरता से लिया है। जांच कमेटी ने बैठक भी कर ली है। इसकी रिपोर्ट आने पर ही कुलपति परीक्षा परिणाम से जुड़े मामले पर कोई फैसला लेंगे।
छात्रों का आरोप था कि उत्तर पुस्तिकाओं को सही ढंग से जांचा नहीं गया है। इस कारण उनका परीक्षा परिणाम खराब रहा है। चूंकि, मामला आउट गोइंग बैच का था, इसलिए कुलपति ने सीओई की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय कमेटी गठित कर जांच के आदेश दिए थे।