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क्या बात! अब जमा दो के अंकों पर इंजीनियरिंग में मिलेगा प्रवेश्ा

Fri, 14 Aug 2015 12:39 PM IST
Updated Fri, 14 Aug 2015 12:39 PM IST
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himachal govt relaxes norms for admission in engineering.

प्रदेश सरकार ने तकनीकी कॉलेजों में प्रवेश परीक्षा के आधार पर एडमिशन की शर्त हटा दी है। अब प्रदेश के सभी प्राइवेट और सरकारी कॉलेजों में जेईई और एचपीसीईटी के बजाय दस जमा दो के अंकों के आधार पर एडमिशन मिलेगी। सामान्य वर्ग के विद्यार्थियों के लिए 55 फीसदी अंक और आरक्षित वर्ग के विद्यार्थियों के लिए 50 फीसदी अंकों की शर्त दाखिले के लिए निर्धारित कर दी है। प्रदेश सरकार के इस फैसले से खासकर प्राइवेट कॉलेजों के प्रबंधकों को बड़ी राहत मिली है।

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प्राइवेट कॉलेजों को खाली रही सीटों को भरना का यह सबसे बड़ा मौका मिला है। प्रदेश सरकार ने वीरवार को इसकी अधिसूचना भी जारी कर दी है। वहीं दूसरी तरफ प्रदेश सरकार ने अपने ही बनाए नियमों पर यूटर्न ले लिया है। सरकार ने पूर्व में निर्णय लिया था कि प्रदेश में क्वालिटी एजूकेशन के लिए प्रवेश परीक्षा के आधार पर ही सभी इंजीनियरिंग, एमबीए, एमसीए, एमटेक, बी-फार्मेसी और एम-फार्मा कॉलेजों में सीटें भरी जाएंगी। इसके साथ ही हिमाचल प्रदेश प्राइवेट एजूकेशनल इंस्टीट्यूशनंस रेगुलेटरी कमीशन का भी गठन किया था।

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प्रवेश परीक्षाओं की बाध्यता भी खत्म

himachal govt relaxes norms for admission in engineering.

यही नहीं प्रदेश सरकार ने जेईई और कैट समेत अन्य राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित होने वाली प्रवेश परीक्षाओं की बाध्यता खत्म करते हुए अपने स्तर पर पहली बार जून माह में प्रवेश परीक्षा (एचपीसीईटी-2015) का आयोजन भी करवाया। लेकिन हिमाचल प्रदेश तकनीकी विवि हमीरपुर की तीन बार काउंसलिंग राउंड में कई प्राइवेट कॉलेजों का खाता तक नहीं खुल पाया।

इसके बाद स्पॉट एडमिशन राउंड नाम देकर एक बार फिर से एडमिशन का मौका दिया गया। बावजूद प्राइवेट कालेजों में सैकड़ों सीटें खाली रह गईं। इस पर प्राइवेट कालेज प्रबंधक प्रदेश सरकार से मिले। इनकी समस्याओं पर मंथन करते हुए प्रदेश सरकार ने प्रवेश परीक्षा की शर्त वापस ले ली।

प्रदेश में 18 इंजीनियरिंग कालेज हैं। इसमें राजीव गांधी इंजीनियरिंग कालेज नगरोटा बगवां, अटल बिहारी वाजपेयी इंजीयरिंग कालेज प्रगतिनगर शिमला, राजकीय इंजीनियरिंग कालेज ज्यूरी, जवाहर लाल नेहरू इंजीनियरिंग कालेज सुंदरनगर सरकारी क्षेत्र में हैं। जबकि चौदह निजी क्षेत्र में इंजीनियरिंग कालेज चल रहे हैं। इसके अलावा एक दर्जन से अधिक कालेजों में एमबीए, बी-फार्मेसी और तीन कालेजों में एमसीए चल रही है।

हिप्र तकनीकी विवि हमीरपुर के प्रो. आरएल शर्मा, कुलपतिप्रदेश सरकार ने प्रदेश तकनीकी विवि से संबद्ध सभी कॉलेजों में प्रवेश परीक्षा की शर्त को हटा दिया है। अब दस जमा दो के अंकों के आधार पर कॉलेजों में एडमिशन मिलेगी।

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