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चंडीगढ़ में सरकारी टीचर्स की वेकेंसी, आवेदन करें

Sat, 15 Nov 2014 01:28 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Sat, 15 Nov 2014 01:28 PM IST
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government teacher job recuritment

चंडीगढ़ शिक्षा विभाग ने करीब पांच साल बाद तीन लैंग्वेज पंजाबी (47) हिंदी (49) और अंग्रेजी (46) के टीचरों के लिए कुल 142 पदों के लिए आवेदन आमंत्रित किए हैं। तीनों विषय के लिए ग्रेजुएशन में इलेक्टिव विषय अनिवार्य कर दिया है। लेकिन, ग्रेजुएशन स्तर पर हिंदी और अंग्रेजी इलेक्टिव विषय का एडिशनल पेपर नहीं देने के कारण काफी युवा अब आवेदन ही नहीं कर सकेंगे।

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पंचकूला निवासी पूजा शर्मा ने कहा कि पीयू अगर समय पर हिंदी इलेक्टिव विषय का पेपर देने की अनुमति दे देता तो वह इस बार आवेदन कर पाती। लेकिन, अब उनका चंडीगढ़ में टीचर बनने का चांस ही खत्म हो गया है।
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सैकड़ों के अरमानों पर फिरा पानी

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पंजाब यूनिवर्सिटी की लचर कार्यप्रणाली के कारण सैकड़ों युवाओं के चंडीगढ़ शिक्षा विभाग में शिक्षक बनने के अरमान पर पानी फिर गया। महीनों से कई विद्यार्थी अंग्रेजी और हिंदी विषय में इलेक्टिव विषय का एडिशनल पेपर देने की तैयारी करते रहे, लेकिन पीयू प्रशासन ने परीक्षा ही नहीं ली। एडिशनल परीक्षा लेने के लिए गठित कमेटी द्वारा मामले में प्रस्ताव पास होने के बावजूद फाइल अधिकारियों के पास धूल खा रही है। अधिकारी भी मामले में कुछ भी कहने को तैयार नहीं हैं।

एनएसयूआई और स्टूडेंट काउंसिल ने एडिशनल पेपर मामले को लेकर पीयू रजिस्ट्रार और कंट्रोलर को कई बार पत्र भेजा, लेकिन मामले को गंभीरता से नहीं लिया गया। पीयू की लापरवाही के कारण काफी युवा अब शिक्षक बनने से वंचित रह जाएंगे। मामले को लेकर फिर अधिकारियों से मिलकर जल्द मामले को उठाया जाएगा।
-मनोज लुबाणा, एनएसयूआई छात्र नेता पीयू

ये है मामला

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दिसंबर 2013 में अन्य यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएशन करने वाले विद्यार्थियों ने स्टूडेंट काउंसिल के माध्यम से पीयू रजिस्ट्रार से पंजाबी की तरह हिंदी और अंग्रेजी विषयों के लिए भी एडिशनल पेपर की अनुमति मांगी। पूर्व रजिस्ट्रार प्रो. एके भंडारी की अध्यक्षता में कमेटी गठित हुई। प्रो. रोनकी राम, प्रो. रुपिंदर तिवारी और कंट्रोलर ऑफ एग्जामिनेशन प्रो. परविंदर सिंह के साथ अगस्त में हुई मीटिंग में अंग्रेजी और हिंदी इलेक्टिव विषयों में भी एडिशनल पेपर लेने पर सहमति बन गई।

सितंबर 2014 में हुई कंपार्टमेंट परीक्षाओं के साथ दोनों विषयों की परीक्षा लेने का स्टूडेंट्स को आश्वासन दिया। लेकिन, नोटिफिकेशन नहीं होने से परीक्षा नहीं ली गई। उधर, शिक्षा विभाग ने नवंबर में टीजीटी हिंदी, अंग्रेजी विषयों की भर्ती प्रक्रिया शुरू कर दी है।

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