दो हफ्ते में हटा दिए जाएंगे 4073 गेस्ट टीचर
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हरियाणा सरकार प्रदेश के स्कूलों में कार्यरत 4073 गेस्ट टीचर्स को अगले दो हफ्ते में नौकरी से हटा देगी। सरकार की ओर से पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में सोमवार को इस बाबत सूचना दी गई है। इस पर हाईकोर्ट के जस्टिस अमित रावल ने हटाए जाने वाले शिक्षकों की जानकारी समाचार-पत्रों के जरिए सार्वजनिक करने का निर्देश देते हुए हरियाणा सरकार से पूरी कार्रवाई की रिपोर्ट 27 मई को कोर्ट में पेश करने को कहा। 27 मई को ही इस मामले की अगली सुनवाई होगी।
इसके साथ ही हरियाणा स्टाफ सलेक्शन कमीशन ने सोमवार को नई भर्ती के कार्यक्रम का पूरा ब्योरा दाखिल कर दिया, जिसके तहत आगामी जून-जुलाई माह के दौरान सरकार नई भरती के लिए विज्ञापन जारी करेगी।
हाईकोर्ट ने एक मई को इस विषय पर सुनवाई के दौरान हरियाणा के मुख्य सचिव को कड़े निर्देश देते हुए साफ कर दिया था कि अगले दस दिन (10 मई तक) में सभी अतिरिक्त गेस्ट टीचरों को हटाकर हाईकोर्ट को जानकारी दी जाए।
तब कोर्ट ने यह भी कह दिया था कि अगर दस दिन में अतिरिक्त गेस्ट टीचरों को नहीं हटाया गया तो मुख्य सचिव के खिलाफ अवमानना का मामला चलाया जाएगा।
कोर्ट ने 27 मई को पूरी कार्रवाई की रिपोर्ट की तलब
हाईकोर्ट के इस तेवर के बाद गंभीर हुई हरियाणा सरकार ने सोमवार को अदालत पहुंचकर साफ कर दिया कि दो हफ्ते में 4073 अतिरिक्त गेस्ट टीचरों को नौकरी से हटा दिया जाएगा।
दरअसल, हाईकोर्ट ने एक मई से पहले ही सरकार को अतिरिक्त गेस्ट टीचर हटाने का फरमान सुनाया था। लेकिन उसके जवाब में राज्य स्कूल शिक्षा के महानिदेशक की ओर से जवाब दाखिल कर अदालत में कहा गया कि गेस्ट टीचरों को हटाने की कार्रवाई को लेकर राज्य सरकार के पास मामला भेजा जा चुका है, आगे कार्रवाई सरकार की ओर से की जाएगी। इस पर हाईकोर्ट ने कड़ा रुख अपनाते हुए अतिरिक्त शिक्षा सचिव को अवमानना का नोटिस जारी किया।
इस बीच, अतिरिक्त गेस्ट टीचरों का मुद्दा उठाते हुए कई याचियों ने हाईकोर्ट से नियमित भरती की अपील की थी। एक याचिकाकर्ता ने हाईकोर्ट में यह भी जानकारी दी कि अतिरिक्त गेस्ट टीचरों को नौकरी से नहीं हटाए जाने के कारण प्रदेश सरकार को हर महीने 8 करोड़ 55 लाख 33 हजार रुपये का अतिरिक्त बोझ उठाना पड़ रहा है।