फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   expelled student from IIT can give exam, says high court.

IIT से निकाले गए 72 छात्रों को बड़ी राहत, परीक्षा में बैठने की छूट

Wed, 15 Jul 2015 10:46 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, रुड़की
ब्यूरो/अमर उजाला, रुड़की Updated Wed, 15 Jul 2015 10:46 PM IST
विज्ञापन
expelled student from IIT can give exam, says high court.

नैनीताल हाईकोर्ट ने आईआईटी रुड़की के 73 विद्यार्थियों को प्रथम वर्ष के दो सेमेस्टर में औसत पांच सीजीपीए से कम अंक लाने पर संस्थान से निकाले जाने के मामले में कहा कि जो अभ्यर्थी कल बृहस्पतिवार को होने वाली परीक्षा में बैठना चाहते हैं, उन्हें परीक्षा में बैठने दिया जाए।

विज्ञापन


कोर्ट ने आईआईटी रुड़की को 20 जुलाई से पूर्व जवाब दाखिल करने के निर्देश देते हुए स्पष्ट किया है कि यह आदेश केवल अंतरिम आदेश है, जिसका केस के गुण-दोष तथा अंतिम सुनवाई पर कोई असर नहीं पडे़गा।
विज्ञापन


न्यायमूर्ति सुधांशु धूलिया की एकलपीठ के समक्ष बुधवार को मामले की सुनवाई हुई। आईआईटी रुड़की के छात्र अरविंद मीणा सहित अन्य ने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल कर कहा था कि वह आईआईटी रुड़की से बीटेक कर रहे हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

कम अंक आने पर IIT ने 73 छात्रों को था निकाला

expelled student from IIT can give exam, says high court.

15 जून 2015 को संस्थान ने 73 छात्रों को प्रथम वर्ष के सेमेस्टर दो में औसत पांच सीजीपीए से कम अंक लाने पर संस्थान से निकाल दिया था।

याचिकाकर्ता का कहना था कि 2014 के अध्यादेश के पैरा 33 के अनुसार उन्हीं विद्यार्थियों को बाहर किया जा सकता है जो प्रथम वर्ष के अंत में निर्धारित अर्न क्रेडिट एवं सीजीपीए लाने में असफल रहते हैं। याचिकाकर्ताओं का यह भी कहना था कि इनका अर्न क्रेडिट निर्धारित 22 अंक से ज्यादा है। ऐसे में उनका रजिस्ट्रेशन निरस्त नहीं किया जा सकता है।

वहीं, आईआईटी रुड़की की ओर से बताया गया था कि उन्हीं विद्यार्थियों को प्रवेश देंगे जो अर्न क्रेडिट एवं निर्धारित सीजीपीए लाता है।

सुनवाई के बाद परीक्षा में बैठने के दिए आदेश

expelled student from IIT can give exam, says high court.

पक्षों की सुनवाई के बाद हाईकोर्ट की एकलपीठ ने व्यवस्था दी कि जो अभ्यर्थी कल यानी बृहस्पतिवार को होने वाली परीक्षा में बैठना चाहते हैं उन्हें परीक्षा में बैठने दें।

आईआईटी रुड़की ने प्रथम वर्ष के सेमेस्टर दो में पांच सीजीपीए से कम अंक पाने वाले 73 छात्रों को संस्थान से निकाल दिया था। 08 जुलाई को हुई सीनेट की बैठक में मर्सी अपील पर सुनवाई के दौरान पूर्व में लिए गए निर्णय को यथावत रखा गया। इस फैसले के खिलाफ छात्रों ने हाईकोर्ट से गुहार लगाई थी।

गौरतलब है कि बाद में एक छात्र को आईआईटी ने संस्थान में वापस ले लिया था जिससे निष्कासित छात्रों की संख्या 72 रह गई है।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed